क्या राष्ट्रगान और राष्ट्रीय गीत का सम्मान नहीं करने वाले लोग राजनीति कर रहे हैं: सपा सांसद नीरज कुशवाहा?

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क्या राष्ट्रगान और राष्ट्रीय गीत का सम्मान नहीं करने वाले लोग राजनीति कर रहे हैं: सपा सांसद नीरज कुशवाहा?

सारांश

सपा सांसद नीरज कुशवाहा ने सत्तापक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि जो लोग राष्ट्रगान का सम्मान नहीं करते, वे अब इस पर राजनीति कर रहे हैं। उन्होंने वंदे मातरम की 150वीं वर्षगांठ के अवसर पर चर्चा की और दिल्ली की प्रदूषित हवा पर भी चिंता व्यक्त की।

मुख्य बातें

नीरज कुशवाहा ने सत्तापक्ष पर आरोप लगाया है कि वे राजनीति कर रहे हैं।
वंदे मातरम की 150वीं वर्षगांठ पर चर्चा हुई।
दिल्ली की हवा की प्रदूषण की स्थिति चिंताजनक है।
चुनावी सुधार की आवश्यकता पर जोर दिया गया।
लोकसभा में स्वतंत्रता सेनानियों को श्रद्धांजलि दी गई।

नई दिल्ली, 9 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। संसद का शीतकालीन सत्र जारी है। भारत के राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम के 150 साल पूरे होने के मौके पर सोमवार को लोकसभा में महत्वपूर्ण चर्चा हुई। आज राज्यसभा में भी इस पर चर्चा होगी। समाजवादी पार्टी के सांसद नीरज कुशवाहा ने सत्तापक्ष पर कड़ा प्रहार किया।

समाजवादी पार्टी के सांसद नीरज कुशवाहा ने राष्ट्र प्रेस से बातचीत में कहा, "जो लोग पहले राष्ट्रगान या राष्ट्रीय गीत का सम्मान नहीं करते थे, वे अब इसे लेकर राजनीति कर रहे हैं और इस पर चर्चा कर रहे हैं। जिन लोगों ने तिरंगे को भी नहीं माना, वे अब इस पर बहस कर रहे हैं। तो, यह चर्चा इसके पीछे की सच्ची भावना या मूल्यों के बजाय राजनीति के बारे में ज्यादा है। उनका इन मूल्यों को अमल में लाने या वंदे मातरम में सोचे गए तरीके से भारत को आकार देने का कोई इरादा नहीं है।"

उन्होंने आगे कहा, "वंदे मातरम हमारी भूमि को एक ऐसी जगह के रूप में देखता है जहां हवा शुद्ध हो, जहां लोग पहाड़ों से आने वाली चंदन की खुशबू का आनंद ले सकें। लेकिन आज दिल्ली में सच्चाई क्या है? वैज्ञानिकों का कहना है कि दिल्ली की हवा इतनी प्रदूषित है कि एक दिन इसमें सांस लेना 20 सिगरेट पीने के बराबर है।"

सपा सांसद आनंद भदौरिया ने देश में चुनाव सुधार के मुद्दे पर जोर देते हुए कहा, "इस देश में चुनावी सुधारों की बहुत आवश्यकता है। हमारे लोकतंत्र की सेहत को लेकर चुनाव आयोग और सरकार पर उठाए जा रहे सवालों का जवाब सरकार को देना चाहिए। हमारी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष, पीडीए गठबंधन के नेता, अखिलेश यादव, हमारी पार्टी का रुख सामने रखेंगे।"

सपा सांसद ने कहा, "मैं लोकसभा के माननीय स्पीकर का आभार व्यक्त करता हूं कि उन्होंने हमें इस महान सदन, जो हमारे लोकतंत्र का मंदिर है, में चर्चा करके हमारे स्वतंत्रता सेनानियों के राष्ट्रगीत वंदे मातरम की 150वीं वर्षगांठ मनाने की अनुमति दी। इससे हमें श्रद्धांजलि के तौर पर अपने शब्द कहने का मौका मिला।"

संपादकीय दृष्टिकोण

तो यह स्पष्ट होता है कि कुछ लोग अपनी राजनीतिक लाभ के लिए इन प्रतीकों का उपयोग कर रहे हैं। यह आवश्यक है कि हम अपने मूल्यों को बनाए रखें और उन्हें वास्तविकता में लागू करें।
RashtraPress
13 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

नीरज कुशवाहा ने राष्ट्रगान पर क्या कहा?
नीरज कुशवाहा ने कहा कि जो लोग पहले राष्ट्रगान का सम्मान नहीं करते थे, वे अब इस पर राजनीति कर रहे हैं।
दिल्ली की हवा की स्थिति क्या है?
वैज्ञानिकों का कहना है कि दिल्ली की हवा इतनी प्रदूषित है कि एक दिन इसमें सांस लेना 20 सिगरेट पीने के बराबर है।
वंदे मातरम की 150वीं वर्षगांठ पर क्या चर्चा हुई?
इस अवसर पर लोकसभा में विशेष चर्चा हुई, जिसमें सांसदों ने अपने विचार साझा किए।
आनंद भदौरिया ने चुनाव सुधार पर क्या कहा?
आनंद भदौरिया ने चुनाव सुधारों की आवश्यकता पर जोर दिया और सरकार से जवाब मांगा।
नीरज कुशवाहा ने किसकी तारीफ की?
उन्होंने लोकसभा के माननीय स्पीकर का आभार व्यक्त किया कि उन्होंने इस चर्चा का अवसर प्रदान किया।
राष्ट्र प्रेस