27 जून 2026
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लखनऊ मुठभेड़: बिल्डर संदीप हत्याकांड का मुख्य शूटर संजय ढेर, ₹1 लाख का था इनामी बदमाश

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लखनऊ मुठभेड़: बिल्डर संदीप हत्याकांड का मुख्य शूटर संजय ढेर, ₹1 लाख का था इनामी बदमाश

सारांश

लखनऊ के इंदिरा कैनाल रोड पर शनिवार को हुई पुलिस मुठभेड़ में बिल्डर संदीप सिंह हत्याकांड का मुख्य शूटर और ₹1 लाख का इनामी बदमाश संजय उर्फ संजीव मारा गया। वह दिलीप वर्मा और खान मुबारक गैंग से जुड़ा था और कई राज्यों में उसके खिलाफ हत्या के मामले दर्ज थे।

मुख्य बातें

27 जून 2026 को लखनऊ के इंदिरा कैनाल रोड पर पुलिस मुठभेड़ में ₹1 लाख का इनामी बदमाश संजय उर्फ संजीव मारा गया।
संजय 27 मई 2026 को हुए बिल्डर संदीप सिंह हत्याकांड का मुख्य शूटर और वांछित आरोपी था।
कार्रवाई अपर पुलिस अधीक्षक दीपक कुमार सिंह के नेतृत्व में की गई।
संजय अंबेडकरनगर, बस्ती और अयोध्या समेत कई जनपदों में हत्या के मामलों में वांछित था।
वह कुख्यात दिलीप वर्मा और खान मुबारक गैंग से जुड़ा हुआ था।

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में 27 जून 2026 को इंदिरा कैनाल रोड पर पुलिस और ₹1 लाख के इनामी बदमाश संजय उर्फ संजीव के बीच मुठभेड़ हुई, जिसमें वह गोली लगने से घायल हो गया। उसे डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान ले जाया गया, जहाँ चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। संजय 27 मई 2026 को लखनऊ के पीजीआई थाना क्षेत्र में हुए चर्चित बिल्डर संदीप सिंह हत्याकांड का मुख्य शूटर और वांछित आरोपी था।

मुठभेड़ का घटनाक्रम

पुलिस के अनुसार यह कार्रवाई अपर पुलिस अधीक्षक दीपक कुमार सिंह के नेतृत्व में की गई। टीम को सूचना मिली थी कि संजय एक निर्धारित स्थान पर मौजूद है, जिसके बाद इलाके की घेराबंदी की गई। जब पुलिस उसे गिरफ्तार करने पहुँची, तब दोनों पक्षों के बीच मुठभेड़ हुई और संजय गोली लगने से घायल हो गया।

आरोपी की पहचान और आपराधिक पृष्ठभूमि

संजय उर्फ संजीव, पुत्र हरीराम, मूल रूप से अंबेडकरनगर जिले के अहिरौली थाना क्षेत्र के चक कोदार गाँव का निवासी था। पुलिस के अनुसार उसके खिलाफ अंबेडकरनगर, बस्ती और अयोध्या समेत कई जनपदों में हत्या और गंभीर अपराधों के अनेक मुकदमे दर्ज थे। जाँच एजेंसियों के अनुसार वह कुख्यात अपराधियों दिलीप वर्मा और खान मुबारक गैंग से जुड़ा हुआ था।

बिल्डर संदीप हत्याकांड से संबंध

गौरतलब है कि 27 मई 2026 को लखनऊ के पीजीआई थाना क्षेत्र में बिल्डर संदीप सिंह की हत्या ने पूरे प्रदेश में सनसनी फैला दी थी। पुलिस के अनुसार संजय इस हत्याकांड का मुख्य शूटर था। उसकी गिरफ्तारी पर पुलिस आयुक्त, लखनऊ ने ₹1 लाख रुपये का इनाम घोषित किया था।

आगे की जाँच

मुठभेड़ के बाद पुलिस ने घटनास्थल की जाँच शुरू कर दी है। यह ऐसे समय में आया है जब उत्तर प्रदेश पुलिस संगठित अपराध पर लगातार कड़ी कार्रवाई कर रही है। दिलीप वर्मा और खान मुबारक गैंग के शेष सदस्यों की तलाश जारी है और आगे की कार्रवाई अपेक्षित है।

संपादकीय दृष्टिकोण

पर अदालती प्रक्रिया में उसकी गवाही की संभावना हमेशा के लिए समाप्त हो जाती है। दिलीप वर्मा और खान मुबारक गैंग के शेष सदस्य अभी भी सक्रिय बताए जाते हैं, जो यह संकेत देता है कि असली चुनौती संगठित अपराध के ढाँचे को तोड़ने की है, केवल एक शूटर को निष्क्रिय करने की नहीं।
RashtraPress
27 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

लखनऊ मुठभेड़ में कौन मारा गया और वह कौन था?
मुठभेड़ में संजय उर्फ संजीव मारा गया, जो अंबेडकरनगर जिले के चक कोदार गाँव का निवासी था। वह 27 मई 2026 को हुए बिल्डर संदीप सिंह हत्याकांड का मुख्य शूटर और ₹1 लाख का इनामी बदमाश था।
बिल्डर संदीप सिंह हत्याकांड क्या है?
27 मई 2026 को लखनऊ के पीजीआई थाना क्षेत्र में बिल्डर संदीप सिंह की हत्या कर दी गई थी। यह मामला प्रदेश में चर्चा का विषय बना और पुलिस आयुक्त ने मुख्य शूटर संजय की गिरफ्तारी पर ₹1 लाख का इनाम घोषित किया था।
मुठभेड़ किसके नेतृत्व में और कहाँ हुई?
मुठभेड़ अपर पुलिस अधीक्षक दीपक कुमार सिंह के नेतृत्व में लखनऊ के इंदिरा कैनाल रोड पर 27 जून 2026 को हुई। पुलिस को सूचना मिली थी कि संजय उस क्षेत्र में मौजूद है, जिसके बाद घेराबंदी की गई।
संजय किन गैंग से जुड़ा था और उसका आपराधिक इतिहास क्या था?
जाँच एजेंसियों के अनुसार संजय कुख्यात अपराधी दिलीप वर्मा और खान मुबारक गैंग से जुड़ा था। उसके खिलाफ अंबेडकरनगर, बस्ती और अयोध्या समेत कई जनपदों में हत्या और गंभीर अपराधों के मुकदमे दर्ज थे।
मुठभेड़ के बाद आगे क्या कार्रवाई होगी?
पुलिस ने घटनास्थल की जाँच शुरू कर दी है। दिलीप वर्मा और खान मुबारक गैंग के शेष सदस्यों की तलाश जारी है और बिल्डर हत्याकांड की आगे की जाँच अन्य आरोपियों पर केंद्रित रहेगी।
राष्ट्र प्रेस
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