क्या लुधियाना पुलिस ने गोल्डी बराड़ के गैंग पर की बड़ी कार्रवाई?
सारांश
Key Takeaways
- गोल्डी बराड़ के गैंग के 10 सदस्य गिरफ्तार किए गए।
- अवैध हथियारों की तस्करी में शामिल थे।
- पंजाब पुलिस ने नशीली दवाओं के खिलाफ सर्च ऑपरेशन चलाया।
- 831 स्थानों पर छापेमारी की गई।
- 227 ड्रग तस्करों को गिरफ्तार किया गया।
लुधियाना, 18 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। पंजाब पुलिस ने राज्य में आपराधिक गतिविधियों को रोकने और शांति बनाए रखने के लिए लगातार मेहनत की है। इसी क्रम में, लुधियाना कमिश्नरेट पुलिस ने तीन हफ्तों तक चले विशेष ऑपरेशन में गैंगस्टर गोल्डी बराड़ से जुड़े एक जबरन वसूली मॉड्यूल का पर्दाफाश किया।
इस ऑपरेशन के दौरान 10 बदमाशों को गिरफ्तार किया गया, जिनके पास से कई विदेशी पिस्टल और अत्याधुनिक हथियार बरामद किए गए। इनमें दो ऑस्ट्रियाई ग्लॉक पिस्टल और दस अन्य आधुनिक हथियार शामिल हैं।
गिरफ्तार आरोपियों पर अवैध हथियारों की तस्करी और जबरन वसूली का आरोप है। इसके अलावा, इनमें से कुछ आरोपियों ने पूरे राज्य में अराजकता फैलाने के लिए सुनियोजित हत्याओं में भी भाग लिया। पुलिस ने इनके खिलाफ बीएनएस और आर्म्स एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज की है। गैंग के अन्य सदस्यों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की जांच जारी है।
इस बीच, पंजाब पुलिस ने नशीली दवाओं के खिलाफ भी कड़ा अभियान चलाया। राज्य के सभी 28 जिलों में सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया, जिसमें ड्रग हॉटस्पॉट्स को निशाना बनाया गया। इस ऑपरेशन के दौरान 831 स्थानों पर छापेमारी की गई और 227 ड्रग तस्करों को गिरफ्तार किया गया। इसके साथ ही 200 एफआईआर भी दर्ज की गईं।
पंजाब पुलिस का कहना है कि उनका मुख्य लक्ष्य राज्य में कानून-व्यवस्था बनाए रखना और आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। वे संगठित अपराध, गैंगस्टर नेटवर्क और ड्रग तस्करी के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रहे हैं। उनका उद्देश्य केवल अपराधियों को पकड़ना नहीं, बल्कि भविष्य में ऐसी गतिविधियों को रोकना भी है।
पंजाब पुलिस अपराधियों के खिलाफ प्रभावी और निर्णायक कदम उठा रही है। लुधियाना में गोल्डी बराड़ के नेटवर्क पर की गई कार्रवाई और राज्यव्यापी कोर्डन एंड सर्च ऑपरेशन ने अपराधियों और नशा तस्करों को स्पष्ट संदेश दिया है कि पंजाब में कानून का राज है और पुलिस राज्य में शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है।