क्या पीएम मोदी ने भारतीय उद्योगपतियों संग मिलकर निवेश का आह्वान किया?

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क्या पीएम मोदी ने भारतीय उद्योगपतियों संग मिलकर निवेश का आह्वान किया?

सारांश

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जापान यात्रा ने एक मजबूत साझेदारी का उदाहरण पेश किया है। इस यात्रा में उद्योगपतियों ने जापानी व्यापारियों के साथ मिलकर भारत में निवेश को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए। जानिए इस यात्रा की खास बातें और सांस्कृतिक संबंधों का महत्व।

Key Takeaways

  • पीएम मोदी की सांस्कृतिक संवेदनशीलता
  • भारत और जापान के बीच मजबूत रिश्ते
  • 300 से अधिक जापानी व्यापारिक प्रमुखों से बातचीत
  • चंद्रयान-5 अभियान में सहयोग
  • पांच लाख कारीगरों का रोजगार

नई दिल्ली, 30 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जापान यात्रा कई दृष्टियों से अनोखी रही है। उनका जापान से रिश्ता कोई नया नहीं है; जब वह गुजरात के मुख्यमंत्री थे, तब भी उन्होंने जापान की यात्रा की थी, जो अब एक मजबूत साझेदारी का प्रतीक बन चुका है।

अपने कार्यकाल के दौरान, पीएम मोदी ने जापान के नेतृत्व के साथ रिश्तों को और भी अधिक मजबूती दी और विकास के कई महत्वपूर्ण विचारों को अपने में समाहित किया, साथ ही भारत में निवेश को भी बढ़ावा दिया।

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर 'मोदी स्टोरी' नामक एक अकाउंट द्वारा एक पोस्ट साझा की गई, जिसमें उद्योगपति बाबा कल्यानी एक दिलचस्प किस्सा साझा करते हैं। इस दौरे में पीएम मोदी ने भारतीय उद्योगपतियों के एक समूह का नेतृत्व करते हुए 300 से अधिक जापानी व्यापारिक प्रमुखों से बातचीत की।

कल्यानी के अनुसार, उन्होंने जापानी व्यापारियों में विश्वास पैदा करने के लिए भारतीय दल को एकजुट रहने और एक साथ मिलकर जापानी व्यापारियों को भारत में निवेश करने का निमंत्रण देने का आग्रह किया।

उन्होंने कहा, “तब सीएम मोदी ने यह समझा कि जापानी संस्कृति में सामूहिक प्रयास को बहुत महत्व दिया जाता है। जब जापानी व्यापारियों ने भारतीय दल को एकजुट देखा, तो यह एक शक्तिशाली संदेश गया।”

यह घटना पीएम मोदी की सांस्कृतिक संवेदनशीलता और वैश्विक मंच पर भारत के हितों को बढ़ावा देने की उनकी सक्रिय दृष्टि का एक और उदाहरण है।

पीएम मोदी आज भी विभिन्न देशों की संस्कृति को गहराई से समझते हैं। वे जिस देश की यात्रा पर जाते हैं, वहां की संस्कृति में रंगे हुए नजर आते हैं।

फिलहाल, पीएम मोदी ने अपनी जापान यात्रा पूरी कर ली है। उन्होंने जापान में विभिन्न बैठकों में भाग लिया। उनकी यात्रा के दौरान भारत और जापान के बीच कई क्षेत्रों में साझेदारी को लेकर चर्चा हुई है, जैसे कि आने वाले पांच वर्षों में पांच लाख कारीगर दोनों देशों में रोजगार के लिए जाएंगे।

इसके साथ ही, चंद्रयान-5 अभियान में भारत और जापान एक साथ मिलकर इसे अंजाम देंगे और अंतरिक्ष की दुनिया में नई ऊंचाइयों को प्राप्त करेंगे।

Point of View

पीएम मोदी की इस यात्रा ने भारत और जापान के बीच के संबंधों को और भी मजबूत किया है। यह न केवल आर्थिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण है, बल्कि सांस्कृतिक संबंधों को भी बढ़ावा देता है। भारत को इस तरह की साझेदारियों से आगे बढ़ने का अवसर मिलता है।
NationPress
21/02/2026

Frequently Asked Questions

पीएम मोदी की जापान यात्रा का मुख्य उद्देश्य क्या था?
पीएम मोदी की जापान यात्रा का मुख्य उद्देश्य भारत और जापान के बीच निवेश को बढ़ावा देना था।
इस यात्रा में किन प्रमुख उद्योगपतियों ने भाग लिया?
इस यात्रा में उद्योगपति बाबा कल्यानी सहित कई प्रमुख भारतीय उद्योगपतियों ने भाग लिया।
क्या भारत और जापान के बीच कोई नई साझेदारी हुई?
हाँ, इस यात्रा के दौरान भारत और जापान के बीच कई क्षेत्रों में नई साझेदारी पर चर्चा हुई।
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