नेतन्याहू का दावा: गाजा में हमास के आंतरिक सुरक्षा प्रमुख को घर के पास दबोचा, 7 अक्टूबर हमले का मास्टरमाइंड
सारांश
मुख्य बातें
इज़रायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने 2 सितंबर को दावा किया कि इज़रायली रक्षा बल (IDF) और सुरक्षा एजेंसी शिन बेट ने एक साहसिक अभियान में गाजा में हमास के आंतरिक सुरक्षा तंत्र के प्रमुख को उसके घर के निकट से गिरफ्तार किया है। नेतन्याहू के अनुसार, यह व्यक्ति हमास के सबसे वरिष्ठ नेताओं में से एक था और 7 अक्टूबर के नरसंहार से जुड़े आतंकवादी हमलों का मास्टरमाइंड रहा है।
गिरफ्तारी की पृष्ठभूमि
नेतन्याहू ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट करते हुए लिखा, 'मैं शिन बेट और इज़रायली रक्षा बल (IDF) की सराहना करता हूं, जिन्होंने एक साहसिक अभियान में गाजा में उसके घर के पास हमास के आंतरिक सुरक्षा तंत्र के प्रमुख को गिरफ्तार किया।' उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इज़रायल हमास के सभी नेताओं और 7 अक्टूबर के नरसंहार में शामिल हर व्यक्ति का पीछा करना जारी रखेगा।
गिरफ्तार नेता की भूमिका
नेतन्याहू के बयान के अनुसार, गिरफ्तार व्यक्ति हमास के बंधकों को एक स्थान से दूसरे स्थान पर पहुँचाने और छिपाने का काम करता था। इसके अलावा, वह हमास के वरिष्ठ नेताओं को सुरक्षित ठिकाने उपलब्ध कराने और संगठन की सैन्य क्षमताओं को पुनर्गठित करने में भी सक्रिय था। हाल के समय में वह गाजा में हमास के शासन को फिर से स्थापित करने के प्रयासों में शामिल था और गाजा पट्टी के निरस्त्रीकरण को लेकर भ्रामक जानकारी फैलाने में भी संलिप्त बताया गया है।
ड्रोन और पतंग हमलों पर पहले से सख्त रुख
गौरतलब है कि इस गिरफ्तारी से लगभग दो सप्ताह पहले नेतन्याहू और रक्षा मंत्री इज़रायल काट्ज ने गाजा पट्टी से इज़रायल की ओर भेजे जा रहे ड्रोन, गुब्बारों और पतंगों से उत्पन्न सुरक्षा खतरे पर एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की थी। उस बैठक के बाद जारी संयुक्त बयान में इज़रायल ने हमास को कड़ी चेतावनी दी थी कि यदि ये हमले तुरंत नहीं रुके, तो IDF जिम्मेदार व्यक्तियों पर लक्षित कार्रवाई और तेज करेगी।
रक्षा मंत्री काट्ज ने उस समय IDF को निर्देश दिया था कि गाजा से आने वाले किसी भी गुब्बारे या पतंग को — चाहे उसमें विस्फोटक हो या न हो — ड्रोन ही माना जाएगा और उसके विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इज़रायल की व्यापक रणनीति
यह गिरफ्तारी ऐसे समय में हुई है जब इज़रायल गाजा में सैन्य अभियान जारी रखे हुए है और हमास के नेतृत्व ढाँचे को व्यवस्थित रूप से निशाना बना रहा है। आलोचकों का कहना है कि ऐसी कार्रवाइयाँ युद्धविराम वार्ता को और जटिल बना सकती हैं, जबकि इज़रायली अधिकारियों का तर्क है कि हमास के नेतृत्व को कमज़ोर किए बिना स्थायी शांति संभव नहीं है। आगे के दिनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि यह गिरफ्तारी बंधकों की रिहाई की संभावनाओं को किस दिशा में प्रभावित करती है।