पटना स्नातक सीट: निशांत कुमार ने नीरज कुमार के समर्थन में उतार दिया पूरा जोर, बोले- एनडीए प्रत्याशी को भारी मतों से जिताएं
सारांश
मुख्य बातें
बिहार विधान परिषद के पटना स्नातक सीट पर सियासी संघर्ष रविवार, 4 अक्टूबर 2026 को नए मोड़ पर पहुँच गया, जब पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पुत्र और बिहार सरकार के मंत्री निशांत कुमार ने जनता दल (यूनाइटेड) के उम्मीदवार नीरज कुमार के पक्ष में खुलकर समर्थन का ऐलान कर दिया। निशांत ने स्नातक एवं शिक्षक मतदाताओं से अपील की कि वे एनडीए के अधिकृत प्रत्याशी को भारी मतों से जिताएं।
बैठक और समर्थन का ऐलान
पटना स्थित जदयू कार्यालय में सोमवार को होने वाले नामांकन से पहले रविवार को पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं की एक अहम बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में विशेष रूप से पटना स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से जुड़े कार्यकर्ताओं को बुलाया गया था। बैठक के बाद निशांत कुमार ने मीडिया के समक्ष जनता दल (यूनाइटेड) का रुख स्पष्ट करते हुए नीरज कुमार को पार्टी का अधिकृत एनडीए प्रत्याशी घोषित किया।
निशांत कुमार ने क्या कहा
निशांत कुमार ने कहा, 'मैं बिहार और पटना जिले के सभी स्नातक वोटर और शिक्षक वोटर से अपील करता हूँ कि आप हमारे एनडीए प्रत्याशी को भारी वोट से जिताएं। हमारे नीरज जी पार्टी से समता काल से ही जुड़े हुए हैं। वे समाजवादी हैं और पार्टी के कर्मठ कार्यकर्ता रहे हैं। पार्टी की विचारधारा के प्रति हमेशा उनकी प्रतिबद्धता रही है।' उन्होंने नीरज कुमार को एक अनुभवी नेता बताते हुए कहा कि वह पहले भी विधान परिषद के सदस्य और मंत्री रह चुके हैं।
निशांत ने यह भी स्पष्ट किया कि नीरज कुमार को वोट देने का सीधा अर्थ पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पिछले 20 वर्षों के कार्यों तथा मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में चल रहे विकास कार्यों को गति देना है।
अनंत सिंह बनाम जदयू नेतृत्व
गौरतलब है कि जदयू विधायक अनंत सिंह नीरज कुमार के विरुद्ध खुलकर जन सुराज के पटना स्नातक सीट के उम्मीदवार अनुज सिंह के समर्थन में प्रचार कर रहे हैं। यह ऐसे समय में हो रहा है जब जदयू के प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा ने भी मीडिया से बातचीत में अनंत सिंह के रुख को गलत करार दिया है और कहा है कि पार्टी का शीर्ष नेतृत्व पूरे मामले की निगरानी कर रहा है।
बताया जा रहा है कि नीतीश कुमार ने स्वयं अपने हाथों से नीरज कुमार को पार्टी के अधिकृत उम्मीदवार का पत्र सौंपा था। इससे पहले नीरज कुमार नीतीश कुमार से मुलाकात भी कर चुके हैं।
सियासी संकेत और आगे का असर
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार निशांत कुमार का सामने आना जदयू के शीर्ष नेतृत्व के स्पष्ट रुख का परिचायक है — और अनंत सिंह के लिए यह एक सीधी चेतावनी मानी जा रही है। लगातार सामने आ रहे इन बयानों के बाद अनंत सिंह को लेकर पार्टी के संभावित अनुशासनात्मक कदम की सियासी चर्चाएं तेज हो गई हैं। वहीं, निशांत कुमार के समर्थन के बाद नीरज कुमार के समर्थकों का उत्साह स्पष्ट रूप से बढ़ा है। सोमवार को होने वाले नामांकन के बाद यह चुनावी समर और भी तीखा होने की संभावना है।