निशिकांत दुबे का यूथ कांग्रेस पर हमला: हम गुंडागर्दी के खिलाफ हैं
सारांश
Key Takeaways
- इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट में 200 बिलियन डॉलर से अधिक के एआई निवेश की घोषणा।
- गूगल ने भारत में डाटा सेंटर की स्थापना का आश्वासन दिया।
- यूथ कांग्रेस का प्रदर्शन और उसके परिणाम।
- भाजपा सांसद का गुंडागर्दी के खिलाफ बयान।
- समिट के दौरान एक अप्रिय घटना की कड़ी निंदा।
नई दिल्ली, २४ फरवरी (राष्ट्र प्रेस)। भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने भारत मंडपम में आयोजित इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट के दौरान इंडियन यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं द्वारा किए गए ‘शर्टलेस प्रोटेस्ट’ की तीखी आलोचना की है। उन्होंने कहा कि हम गुंडागर्दी के खिलाफ हैं।
भाजपा सांसद ने अपने सोशल मीडिया पर भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस को निशाना बनाते हुए लिखा कि उनकी पार्टी किसी भी प्रकार की अराजकता को बर्दाश्त नहीं करेगी। विपक्ष लोकतांत्रिक मानदंडों का उल्लंघन कर रहा है।
उन्होंने बताया कि इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट का चौथा संस्करण १६ से २० फरवरी २०२६ तक नई दिल्ली में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। यह समिट पीएम नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में आयोजित हुआ, जिसमें ९१ देशों और कई वैश्विक कंपनियों ने भाग लिया। समिट के दौरान एक महत्वपूर्ण कूटनीतिक घोषणा की गई कि सभी सहभागी देश और कंपनियां मिलकर समावेशी एआई विकास के लिए प्रतिबद्ध रहेंगी।
निशिकांत दुबे ने बताया कि कार्यक्रम में २०० बिलियन डॉलर से अधिक के एआई निवेश की घोषणा की गई, जिसे भारत के डिजिटल भविष्य के लिए एक ऐतिहासिक कदम माना जा रहा है। टेक दिग्गज गूगल ने भारत में एक बड़े डाटा सेंटर की स्थापना के लिए अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की। इसके साथ ही, भारत और संयुक्त राज्य अमेरिका के बीच एक नया समुद्री केबल लिंक बिछाने का भी वादा किया गया, जिससे डिजिटल कनेक्टिविटी और डेटा ट्रांसफर की गति में सुधार होगा।
समिट का आयोजन इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय द्वारा किया गया था। आयोजन समिति ने कार्यक्रम की सफलता पर संतोष व्यक्त करते हुए प्रधानमंत्री के नेतृत्व की सराहना की। हालांकि, २० फरवरी २०२६ को समिट स्थल पर हुई एक अप्रिय घटना की समिति ने कड़ी निंदा की और भविष्य में बेहतर सुरक्षा प्रबंध का आश्वासन दिया।
एआई समिट में यूथ कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन के बाद पुलिस ने सार्वजनिक शांति भंग करने समेत विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया था। अब तक इस प्रकरण में कुल आठ लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है।