ओपी राजभर पर कांग्रेस का हमला: सुरेंद्र राजपूत बोले — 'आगरा मानसिक स्वास्थ्य संस्थान में जाकर इलाज कराएं'
सारांश
मुख्य बातें
लखनऊ में कांग्रेस प्रवक्ता सुरेंद्र राजपूत ने 19 जून को उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री ओम प्रकाश राजभर पर तीखा हमला बोला और आरोप लगाया कि राजभर हर रोज़ दिल्ली से गृह मंत्री की ओर से आए किसी 'लेटर' को पढ़कर बयान देते हैं। राजपूत ने यहाँ तक कह दिया कि राजभर को आगरा स्थित मानसिक स्वास्थ्य संस्थान में जाकर विश्राम करना चाहिए।
राजपूत का सीधा हमला
सुरेंद्र राजपूत ने कहा, 'ओम प्रकाश राजभर मानसिक रूप से परेशान हो गए हैं। हर दिन उन्हें अमित शाह या दिल्ली से कोई पत्र मिलता है, शायद वह व्हाट्सऐप या ईमेल से आता है, और वे वही पढ़कर बयान दे देते हैं। आपको इलाज की जरूरत है। आपकी अपनी सरकार है, योगी की सरकार है, और ब्रजेश पाठक स्वास्थ्य मंत्री हैं। आगरा में मानसिक स्वास्थ्य संस्थान है, आप कुछ दिन वहाँ रहकर आराम कीजिए। हम आपकी दवाइयों का खर्च भी उठाएंगे।' यह बयान कांग्रेस की ओर से राजभर पर अब तक के सबसे तीखे व्यक्तिगत हमलों में से एक माना जा रहा है।
नोमानी के बयान पर कांग्रेस की प्रतिक्रिया
राजपूत ने ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड (AIMPLB) के सदस्य मौलाना सज्जाद नोमानी के उस बयान पर भी प्रतिक्रिया दी, जिसमें उन्होंने कहा था कि भारत में हिंदुओं को बहुसंख्यक नहीं माना जाना चाहिए। कांग्रेस प्रवक्ता ने इस बयान को 'गैर-जिम्मेदार और बेवकूफी भरा' करार दिया और कहा कि कुछ लोग सिर्फ टीवी पर दिखने के लिए इस तरह के बयान देते रहते हैं।
जनगणना और जाति-धर्म डेटा पर कांग्रेस का रुख
राजपूत ने स्पष्ट किया कि देश में जनगणना की प्रक्रिया चल रही है, जिसमें जाति और धर्म आधारित डेटा भी शामिल है। उन्होंने कहा कि इस प्रक्रिया के परिणाम सामने आने के बाद ही किसी भी विषय पर सही और तथ्यात्मक चर्चा होनी चाहिए — अभी इस तरह के बयान केवल भ्रम पैदा करते हैं।
तीसरे मोर्चे पर कांग्रेस की चेतावनी
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से पहले तीसरे मोर्चे की चर्चाओं पर राजपूत ने कहा कि चुनाव नजदीक आते ही तीसरे, चौथे और पाँचवें मोर्चे की बातें शुरू हो जाती हैं। उनका आरोप था कि ये वही लोग हैं जो जनता की असली समस्याओं — हाथरस कांड, भर्ती परीक्षाओं पर विवाद, बेरोजगार युवाओं और शिक्षक अभ्यर्थियों पर पुलिस कार्रवाई — के वक्त कहीं नजर नहीं आते। राजपूत ने कहा, 'चुनाव आते ही ये भाजपा के समर्थन से सामने आते हैं और मतदाताओं को भ्रमित करने की कोशिश करते हैं।'
राजनीतिक संदर्भ
गौरतलब है कि ओम प्रकाश राजभर की पार्टी सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (SBSP) भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेतृत्व वाले गठबंधन का हिस्सा है। यह ऐसे समय में आया है जब उत्तर प्रदेश में अगले विधानसभा चुनाव की तैयारियाँ जोर पकड़ रही हैं और विभिन्न दल अपनी-अपनी राजनीतिक स्थिति मजबूत करने में जुटे हैं। आलोचकों का कहना है कि इस तरह के व्यक्तिगत हमले चुनावी मौसम में राजनीतिक विमर्श को निचले स्तर पर ले जाते हैं।