पंजाब सीएम ने साधारण परिवारों की बेटियों की कक्षा 8 की मेरिट सूची में सफलता की सराहना की
सारांश
Key Takeaways
- पंजाब की छात्राओं ने कक्षा 8 की मेरिट सूची में 19 स्थान हासिल किए।
- मुख्यमंत्री ने पुरस्कार और सम्मानित किया।
- प्रतिष्ठित विद्यालयों में प्रवेश परीक्षा के बिना प्रवेश।
- साधारण परिवारों की बेटियों की सफलता की सराहना।
- आत्मविश्वास और मेहनत का महत्व।
चंडीगढ़, 12 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने रविवार को घोषणा की कि पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड (पीएसईबी) की कक्षा आठवीं की मेरिट सूची में साधारण परिवारों की बेटियों ने शीर्ष 20 स्थानों में से 19 स्थान हासिल कर अपना दबदबा स्थापित किया है।
मुख्यमंत्री मान ने अपने निवास पर शीर्ष छात्राओं को सम्मानित करते हुए कहा कि इन छात्राओं को बिना किसी प्रवेश परीक्षा के प्रतिष्ठित विद्यालयों में सीधे कक्षा 9 में प्रवेश दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने शीर्ष तीन छात्राओं को 50,000 रुपए का नकद पुरस्कार भी प्रदान किया और छात्रों से अनुरोध किया कि वे अपने मूल्यों के प्रति जागरूक रहें, मेहनत करें और सही आदर्शों का चयन करें।
उन्होंने कहा कि इन छात्रों द्वारा प्रदर्शित आत्मविश्वास, अनुशासन और दृढ़ संकल्प शिक्षा में निरंतर निवेश के सकारात्मक परिणाम हैं। सरकार हर बच्चे की आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए आधुनिक स्कूलों के माध्यम से प्रयासरत है।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर मुख्यमंत्री ने लिखा, “आज चंडीगढ़ में, पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड की कक्षा 8वीं की परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले मेधावी छात्रों को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर उनके माता-पिता और शिक्षकों को भी बधाई दी गई।”
मुख्यमंत्री ने कहा, “इस वर्ष के परिणामों में, पहला स्थान एक ईंट भट्ठे में काम करने वाले ‘मुनीम’ की प्रतिभाशाली बेटी ने प्राप्त किया है, जबकि द्वितीय और तृतीय स्थान क्रमशः एक टाइल की दुकान के मालिक और एक सरकारी प्राथमिक विद्यालय की शिक्षिका की बेटियों ने हासिल किए हैं। ये परिणाम स्पष्ट रूप से दर्शाते हैं कि साधारण और विनम्र परिवारों के बच्चे शिक्षा के क्षेत्र में नए मानदंड स्थापित कर रहे हैं। इन बच्चों के आत्मविश्वास, मेहनत और समर्पण को देखकर हमें गर्व महसूस हो रहा है।”
सीएम मान ने कहा कि लड़कियों ने पहली बार मेरिट लिस्ट में अपनी उत्कृष्टता साबित की है, क्योंकि शीर्ष 20 स्थानों में से 19 स्थान लड़कियों ने प्राप्त किए हैं। उन्होंने इसे उनके प्रयासों और दृढ़ संकल्प का सशक्त प्रमाण बताया।
मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि इन छात्राओं को बिना किसी प्रवेश परीक्षा के प्रतिष्ठित विद्यालयों में सीधा प्रवेश दिया जाएगा। लड़कियों ने एक बार फिर साबित किया है कि वे किसी भी क्षेत्र में किसी से कम नहीं हैं।