16 अगस्त 2026
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क्या पाकिस्तान में बवाल आने वाला है? इमरान खान का पीटीआई समर्थकों के लिए संदेश, 'आंदोलन के लिए तैयार रहें'

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क्या पाकिस्तान में बवाल आने वाला है? इमरान खान का पीटीआई समर्थकों के लिए संदेश, 'आंदोलन के लिए तैयार रहें'

सारांश

क्या इमरान खान की अपील से पाकिस्तान में विरोध प्रदर्शन की लहर उठने वाली है? जानिए, इमरान खान ने अपने समर्थकों से क्या कहा और किस तरह से उन्होंने न्याय की मांग की है।

मुख्य बातें

इमरान खान ने विरोध प्रदर्शनों के लिए अपने समर्थकों को प्रेरित किया।
सजा को पीटीआई ने असंवैधानिक बताया।
इमरान खान की कानूनी टीम की बात नहीं सुनी गई।
पाकिस्तान में राजनीतिक अस्थिरता बढ़ रही है।
शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक विरोध का आह्वान किया गया।

इस्लामाबाद, 21 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। पाकिस्तान की आंतरिक स्थिति चिंताजनक है। बड़ी संख्या में इमरान खान के अनुयायी हुक्मरानों के खिलाफ सड़कों पर उतरने की तैयारी कर रहे हैं। यह उस समय हो रहा है जब अदालत द्वारा सजा सुनाए जाने के बाद आदियाला जेल में बंद पाकिस्तान-तहरीक-ए-इंसाफ के संस्थापक इमरान खान ने जनता से देशव्यापी विरोध प्रदर्शनों का आह्वान किया है।

तोशाखाना-II मामले में एक न्यायालय द्वारा 17 साल की सजा सुनाए जाने के बाद, पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान ने शनिवार को देश भर में विरोध प्रदर्शन की अपील की और इस्लामाबाद हाई कोर्ट में फैसले को चुनौती देने का इरादा भी जताया।

पीटीआई प्रमुख को जेल में अपने सोशल मीडिया अकाउंट तक पहुंचने की अनुमति नहीं है, इसलिए उनके वकील के साथ हुई बातचीत का विवरण एक्स पर साझा किया गया है। उन्होंने कहा, "मैंने सोहेल अफरीदी (खैबर पख्तूनख्वा के मुख्यमंत्री) को सड़क पर आंदोलन की तैयारी के लिए संदेश भेजा है। पूरे देश को अपने अधिकारों के लिए खड़ा होना होगा।"

उन्होंने कहा कि इस मामले में जो फैसला सुनाया गया, उससे उन्हें कोई आश्चर्य नहीं हुआ। उन्होंने कहा, "पिछले तीन सालों के आधारहीन फैसलों और सजा की तरह, तोशाखाना-II का फैसला भी मेरे लिए कोई नई बात नहीं है। यह निर्णय जज ने बिना किसी सबूत और कानूनी आवश्यकताओं का पालन किए बिना जल्दबाजी में दिया," और जोड़ा कि उनकी कानूनी टीम की "बात भी नहीं सुनी गई।"

पीटीआई प्रमुख ने कहा कि कानून की सर्वोच्चता और संविधान की बहाली के लिए 'इंसाफ लॉयर्स फोरम' और कानूनी समुदाय का "आगे आना" आवश्यक है। उन्होंने कहा कि न्याय के बिना आर्थिक विकास संभव नहीं है।

इस बीच, उनकी पार्टी पीटीआई ने एक बयान में सजा को "खुले तौर पर असंवैधानिक, अवैध, दुर्भावनापूर्ण और राजनीतिक प्रतिशोध का सबसे बुरा रूप और उत्पीड़न का एक क्लासिक मामला" बताया।

आरोप लगाया गया कि यह सजा सिर्फ इमरान खान की जेल की अवधि बढ़ाने और "डरे हुए सत्ताधारी गुट" को अस्थायी राहत देने का प्रयास थी। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान में कानून का राज समाप्त हो गया है, और एक "आज्ञाकारी" न्यायपालिका के माध्यम से संगठित रूप से राजनीतिक प्रतिशोध लिया जा रहा है।

प्रमुख मीडिया आउटलेट डॉन के अनुसार, पीटीआई के वरिष्ठ नेता असद कैसर के साथ एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए, पार्टी महासचिव सलमान अकरम राजा ने कहा कि पीटीआई संस्थापक ने कोर्टरूम में अपने मुख्य वकील, बैरिस्टर सलमान सफदर से मुलाकात की और देश को एक स्पष्ट संदेश दिया। उन्होंने कहा, "मैं मजबूती से खड़ा हूं और दृढ़ हूं और चाहे जो भी हो जाए, मैं किसी से माफी नहीं मांगूंगा।"

असद कैसर ने कहा कि मौजूदा हालात में विरोध के अलावा कोई और रास्ता नहीं बचा है। उन्होंने कहा कि यह विरोध शांतिपूर्ण, लोकतांत्रिक और संवैधानिक सिद्धांतों पर आधारित होगा। पीटीआई अपने संस्थापक के लिए न्याय चाहती है और जब तक न्याय नहीं मिल जाता, तब तक अपना संघर्ष जारी रखेगी।

इससे पहले इमरान खान की बहन अलीमा खान ने मीडिया से बात करते हुए फैसले की आलोचना की और आरोप लगाया कि फैसले "पहले से लिखी गई स्क्रिप्ट" के तहत दिए जा रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि इन मामलों के पीछे जो लोग हैं, वे "समझदार लोग नहीं हैं" और उन्हें उनकी स्क्रिप्ट समझ नहीं आ रही है।

पीटीआई नेता उमर अयूब ने भी फैसले की निंदा की। एक्स पर पोस्ट में, उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री और उनकी पत्नी को दी गई सजा एक "कंगारू कोर्ट" की सजा है। अब पाकिस्तान में कानून का राज नहीं रह गया है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि पूरे क्षेत्र की स्थिरता को प्रभावित कर सकता है।
RashtraPress
16 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

इमरान खान ने क्यों विरोध प्रदर्शनों का आह्वान किया?
इमरान खान ने हाल ही में कोर्ट द्वारा सजा सुनाए जाने के बाद अपने समर्थकों से विरोध प्रदर्शनों की अपील की है।
पीटीआई ने सजा को कैसे वर्णित किया?
पीटीआई ने सजा को असंवैधानिक और राजनीतिक प्रतिशोध का रूप बताया है।
क्या इमरान खान को जेल में सोशल मीडिया का उपयोग करने की अनुमति है?
नहीं, इमरान खान को जेल में अपने सोशल मीडिया अकाउंट का उपयोग करने की अनुमति नहीं है।
राष्ट्र प्रेस
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