प्रियंका चतुर्वेदी का निशिकांत दुबे पर आरोप: आदित्य ठाकरे से संबंधित माफी की मांग
सारांश
Key Takeaways
- प्रियंका चतुर्वेदी ने निशिकांत दुबे से माफी की मांग की।
- 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' पर चर्चा के दौरान विवाद हुआ।
- आदित्य ठाकरे पर बेबुनियाद आरोप लगाए गए।
- संसद की गरिमा को बनाए रखना आवश्यक है।
- राजनीतिक लाभ के लिए आरोप लगाना सही नहीं है।
नई दिल्ली, १६ अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' पर चर्चा के दौरान लोकसभा में बेतहाशा नोकझोंक देखने को मिली। इस अवसर पर शिवसेना (यूबीटी) की नेता प्रियंका चतुर्वेदी ने एक वीडियो संदेश के जरिए भाजपा सांसद निशिकांत दुबे पर गंभीर आरोप लगाए और उनसे सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की।
प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा कि आज संसद का पहला दिन है, जब 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' पर चर्चा की जा रही है और लोकसभा में इस पर बहस हो रही है। प्रधानमंत्री मोदी का भाषण समाप्त होते ही हमारे पार्टी नेता अरविंद सावंत अपनी बात रखने के लिए खड़े हुए। उन्होंने कहा कि यह सही नहीं है कि कुलदीप सेंगर जैसा एक रेप आरोपी भारतीय जनता पार्टी का सदस्य है। उनके इतना कहते ही भाजपा के सदस्य खड़े हो गए और कुलदीप सेंगर, जिन्हें उम्रकैद की सजा मिली है, का बचाव करने लगे। उन्होंने ये भी सवाल उठाया कि क्या यह सच नहीं है कि उन्नाव में एक नाबालिग लड़की के साथ हुए रेप मामले में उन पर कार्रवाई हुई, और वे दोषी पाए गए?
प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा कि इस दौरान निशिकांत दुबे ने आदित्य ठाकरे पर बेहद आपत्तिजनक और बेबुनियाद आरोप लगाए। उन्होंने कहा, 'क्या आप किसी पर इस तरह के आरोप लगा सकते हैं, क्योंकि आपको ऐसे दोषी अपराधियों का बचाव करना पड़ रहा है?' अरविंद सावंत ने इसका विरोध किया और कहा कि ऐसे बयान को संसद की कार्यवाही से हटाया जाना चाहिए। साथ ही, उन्होंने निशिकांत दुबे से माफी मांगने की भी मांग की।
प्रियंका चतुर्वेदी ने यह भी कहा कि यह एक बार फिर से दिखाता है कि भारतीय जनता पार्टी की मंशा महिलाओं को उनका अधिकार दिलाने की नहीं, बल्कि राजनीतिक लाभ उठाने की है। मुझे लगता है कि निशिकांत दुबे को माफी मांगनी चाहिए, और स्पीकर को उन्हें निर्देश देना चाहिए कि ऐसे बेबुनियाद आरोप न लगाएं। ऐसे कार्यों से सदन की गरिमा कम होती है और ऐसा नहीं होना चाहिए।
अपने आधिकारिक एक्स हैंडल पर वीडियो को पोस्ट करते हुए उन्होंने लिखा, 'निशिकांत दुबे को आज की संसदीय चर्चा में आदित्य ठाकरे पर लगाए गए बेबुनियाद और सनसनीखेज आरोपों के लिए माफी मांगनी चाहिए। और उन्होंने ये आरोप किसके बचाव में लगाए? एक बलात्कारी के बचाव में, भाजपा के पूर्व विधायक कुलदीप सेंगर के बचाव में! आपको शर्म आनी चाहिए और माफी मांगनी चाहिए।'