क्या राहुल गांधी मानसिक अवसाद से ग्रस्त हैं और भ्रम फैला रहे हैं?

सारांश
Key Takeaways
- दीपक उज्जवल ने राहुल गांधी पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
- राहुल गांधी की मानसिक स्थिति पर सवाल उठाए गए हैं।
- कांग्रेस के अतीत का उल्लेख किया गया है।
- भाजपा की स्थिति को मजबूत करने का प्रयास किया जा रहा है।
- परिवारवाद पर भी सवाल उठाए गए हैं।
रायपुर, 30 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। छत्तीसगढ़ भाजपा के वरिष्ठ नेता दीपक उज्जवल ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर तीखा प्रहार करते हुए कहा है कि वे मानसिक अवसाद से ग्रस्त हैं। इसके फलस्वरूप, राहुल गांधी बिना किसी ठोस आधार के आरोप लगा रहे हैं और देश में भ्रम फैलाने के लिए काल्पनिक कहानियाँ गढ़ रहे हैं।
दीपक उज्जवल ने राहुल गांधी के 'वोट चोरी' के दावों को नकारते हुए कहा कि राहुल द्वारा की गई टिप्पणियाँ पूरी तरह बेबुनियाद हैं।
उन्होंने कांग्रेस के अतीत का उल्लेख करते हुए कहा कि यदि वोट चोरी की बात सही है, तो यह सबसे पहले जवाहरलाल नेहरू और सरदार वल्लभभाई पटेल के बीच हुई थी। उनका दावा है कि 1947 में प्रधानमंत्री पद के लिए 15 में से 14 वोट सरदार पटेल को मिले थे, फिर भी नेहरू को प्रधानमंत्री बनाया गया। जिस पार्टी का ऐसा इतिहास हो, वह इस तरह की सोच रखेगी।
उन्होंने यह भी कहा कि जब छत्तीसगढ़ में कांग्रेस को 55 सीटें मिलीं या झारखंड और कर्नाटक में उनकी सरकार बनी, तब वोट चोरी का आरोप नहीं लगाया गया। लेकिन जब लोकसभा चुनाव में कांग्रेस को 50 से 100 सीटें मिलीं और भाजपा की सीटें कम हुईं, तब ये आरोप उठने लगे।
दीपक उज्जवल ने राहुल गांधी, अखिलेश यादव और तेजस्वी यादव पर परिवारवाद को बढ़ावा देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि ये नेता अपने परिवारों की बादशाहत को बनाए रखने के लिए सक्रिय हैं, न कि लोकतंत्र या संविधान की रक्षा के लिए।
उन्होंने कहा, "ये लोग अपने परिवार के सदस्यों को सांसद और मुख्यमंत्री बनाने के लिए काम कर रहे हैं।"
वहीं, उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सराहना की और कहा कि जब राहुल गांधी अनर्गल बातें कर रहे हैं, तब पीएम मोदी देश को विकास की दिशा में आगे बढ़ाने में व्यस्त हैं। पीएम मोदी के नेतृत्व में हमारा देश प्रगति की ओर अग्रसर है।
उन्होंने मजबूत अर्थव्यवस्था का उल्लेख करते हुए कहा कि हम जल्द ही दुनिया की सबसे बड़ी महाशक्ति बनेंगे। भारत स्वदेशी को अपनाकर आगे बढ़ रहा है। दुनिया भारत के विकास को देख रही है, जबकि कुछ नेता देश विरोधी बयान देने में लगे हैं।