राजनाथ सिंह करेंगे रक्षा लेखा विभाग की डिजिटल पहलों का शुभारंभ, 279वाँ वार्षिक दिवस 1 अक्टूबर को
सारांश
मुख्य बातें
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह 1 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली के डीआरडीओ भवन में रक्षा लेखा विभाग (DAD) के 279वें वार्षिक दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे और विभाग की कई महत्वपूर्ण डिजिटल पहलों का शुभारंभ करेंगे। इस अवसर पर भारतीय थलसेना वित्तीय सूचना प्रणाली को सक्षम मंच से जोड़ा जाएगा, जिससे दोनों प्रणालियों के बीच वित्तीय जानकारी का आदान-प्रदान अधिक सुचारू होगा। यह समारोह रक्षा लेखांकन और भुगतान प्रक्रियाओं के डिजिटल रूपांतरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
मुख्य डिजिटल पहलें
1 अक्टूबर को रक्षा मंत्रालय के लिए राष्ट्रीय समेकन प्रणाली के नए संस्करण का भी शुभारंभ किया जाएगा। इसके साथ ही भुगतान मार्ग एवं एकीकृत प्रणाली प्रबंधन मंच लॉन्च होगा, जिसके माध्यम से रक्षा मंत्रालय में कोषागार-एकल खाता भुगतान व्यवस्था लागू करने की दिशा में ठोस कदम उठाया जाएगा। ये पहलें रक्षा वित्तीय प्रशासन को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाने के व्यापक प्रयास का हिस्सा हैं।
प्रकाशनों का विमोचन
समारोह में रक्षा मंत्री कई प्रमुख प्रकाशनों का विमोचन भी करेंगे। इनमें रक्षा व्यय पर व्यापक सांख्यिकीय पुस्तिका 2026 शामिल है, जिसमें रक्षा क्षेत्र के खर्च से जुड़े महत्वपूर्ण आँकड़े संकलित होंगे। इसके अलावा रक्षा लेखा विभाग की हिंदी गृह पत्रिका 'रक्षा लेखा भारती' और बाजार आसूचना रिपोर्ट 2025-26 भी जारी की जाएगी।
रक्षा पेंशन की डिजिटल व्यवस्था स्पर्श (पेंशन प्रशासन — रक्षा) पर एक लघु फिल्म भी समारोह में प्रदर्शित की जाएगी। स्पर्श प्रणाली रक्षा पेंशन से जुड़ी सेवाओं को डिजिटल माध्यम से उपलब्ध कराने के लिए विकसित की गई है।
उत्कृष्टता पुरस्कार 2026
रक्षा मंत्रालय के अनुसार समारोह में विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों के योगदान को भी सम्मानित किया जाएगा। रक्षा मंत्री उत्कृष्टता पुरस्कार 2026 उन अधिकारियों और कर्मचारियों को प्रदान किए जाएंगे, जिन्होंने रक्षा मंत्रालय और रक्षा लेखा विभाग की महत्वपूर्ण पहलों को लागू करने में उल्लेखनीय योगदान दिया है।
विभाग की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
रक्षा लेखा विभाग का इतिहास 1747 में सैन्य वेतन मास्टर की नियुक्ति से शुरू होता है — यानी यह संस्था लगभग 279 वर्ष पुरानी है। समय के साथ रक्षा क्षेत्र की आवश्यकताएँ बदलती रहीं और विभाग ने खुद को उसी के अनुसार ढाला। आज विभाग आंतरिक लेखा परीक्षा, लेखांकन, वित्तीय सलाह और रक्षा पेंशन प्रबंधन जैसी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियाँ निभाता है।
आगे की राह
गौरतलब है कि यह समारोह ऐसे समय में हो रहा है जब केंद्र सरकार रक्षा क्षेत्र समेत समूचे सार्वजनिक वित्तीय प्रशासन में डिजिटल एकीकरण पर ज़ोर दे रही है। नई पहलों के लागू होने के बाद रक्षा मंत्रालय की वित्तीय और भुगतान प्रक्रियाओं में और अधिक पारदर्शिता और कुशलता आने की उम्मीद है।