क्या साध्वी प्राची ने शाहपुर में धर्मांतरण मामले की निंदा की और सख्त कार्रवाई की मांग?

सारांश
Key Takeaways
- धर्मांतरण की घटनाओं की निंदा
- सख्त कार्रवाई की मांग
- बेटियों की सुरक्षा पर ध्यान देना
- लव जिहाद और अन्य जिहाद का उल्लेख
- मदरसा बोर्ड को समाप्त करने की मांग
मुजफ्फरनगर, 30 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। हिंदूवादी नेता साध्वी प्राची ने शनिवार को उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले में धर्मांतरण पर एक महत्वपूर्ण बयान दिया। उन्होंने शाहपुर क्षेत्र में धर्मांतरण की घटनाओं की कड़ी निंदा की और इसमें शामिल व्यक्तियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।
मीडिया से बातचीत करते हुए साध्वी प्राची ने कहा कि जब तक सरकार धर्मांतरण को बढ़ावा देने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई नहीं करेगी, यह सिलसिला नहीं रुकेगा। चाहे वह लव जिहाद, धर्म परिवर्तन हो या भूमि जिहाद।
उन्होंने कहा, "मैं समाज से अपील करती हूं कि वे अपनी बेटियों की सुरक्षा करें। उन्हें मुस्लिम ब्यूटी पार्लर या दरगाहों में न भेजें, उन्हें मुस्लिम स्कूलों या कॉलेजों या मुस्लिम दर्जियों के पास न भेजें, क्योंकि ये लव जिहाद के केंद्र हैं। अपनी बेटियों को बचाएं, उन्हें अच्छे संस्कार दें। यह महत्वपूर्ण है।"
साध्वी प्राची ने मुजफ्फरनगर जिले के शाहपुर क्षेत्र में हाल ही में हुए धर्मांतरण और संपत्ति हड़पने के मामलों पर टिप्पणी की। उन्होंने कहा, "धर्मांतरण कोई नई बात नहीं है, यह वर्षों से होता आ रहा है। भारतीय जनता पार्टी की सरकार इस पर सख्ती से शिकंजा कस रही है। झांगुर बाबा का नेटवर्क हर जिले में सक्रिय है और पुलि कार्रवाई कर रही है।"
उत्तराखंड में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू होने और मदरसा बोर्ड भंग करने के फैसले पर साध्वी प्राची ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की प्रशंसा की। उन्होंने कहा, "सीएम धामी ने यूसीसी लागू कर और मदरसा बोर्ड भंग कर एक बड़ा कदम उठाया है। शिक्षा के नाम पर आतंक फैलाने वालों पर रोक लगाई गई है।"
उन्होंने उत्तर प्रदेश में भी मदरसा बोर्ड को तत्काल समाप्त करने की मांग की और दावा किया कि मदरसों में हथियार मिल रहे हैं और आतंकवादी तैयार हो रहे हैं। अगर मदरसे सही हैं, तो वहां अपराध का माहौल क्यों बन रहा है?
साध्वी प्राची ने वैष्णो देवी हादसे में मारे गए मुजफ्फरनगर के लोगों के प्रति शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि वैष्णो देवी हादसे में मुजफ्फरनगर के सात लोग शिकार हुए। मैं उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना करती हूं और उनके परिवारों के लिए धैर्य की कामना करती हूं।