17 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या शिरूर में चाकू की नोक पर लूटपाट के आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया?

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या शिरूर में चाकू की नोक पर लूटपाट के आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया?

सारांश

महाराष्ट्र के शिरूर में रंजनगांव एमआईडीसी में काम पर जा रहे दो कर्मचारियों से चाकू की नोक पर लूट की गई। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर चार मोबाइल फोन और चाकू बरामद किया। जानें इस घटना के बारे में विस्तार से।

मुख्य बातें

शिरूर में चाकू की नोक पर लूट का मामला पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार किया लूट में उपयोग किया गया चाकू और मोबाइल फोन बरामद आरोपियों पर अन्य मामले भी दर्ज हैं जांच टीम ने घटनास्थल के पास के सीसीटीवी फुटेज की जांच की

शिरूर, 15 नवंबर (राष्ट्र प्रेस)। महाराष्ट्र के शिरूर में रंजनगांव एमआईडीसी में काम कर रहे दो कर्मचारियों के साथ चाकू की नोक पर लूट का एक मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है।

यह घटना 7 नवंबर की शाम लगभग 7 बजे हुई। ढोकसंगवी के निवासी खेमसिंह पुरुषोत्तम सिंह सर्राटे अपने मित्र के साथ कंपनी की ओर जा रहे थे। तभी दो अज्ञात युवकों ने उन्हें रोका और गाली-गलौज करने लगे। जब उन्होंने इसका विरोध किया, तो आरोपियों ने चाकू उनकी गर्दन पर रखकर उन्हें धमकाया और दोनों से 8 हजार रुपए

दोनों युवक वहां से भागकर रंजनगांव एमआईडीसी पुलिस थाने पहुंचे और घटना की जानकारी दी।

पुलिस निरीक्षक महादेव वाघमोड़े ने एक विशेष जांच टीम का गठन किया। टीम ने घटनास्थल के पास के सीसीटीवी फुटेज की जांच की और तकनीकी विश्लेषण के आधार पर संदिग्धों की पहचान की। पुलिस ने कई स्थानों पर दबिश दी, लेकिन आरोपी नहीं मिले।

फिर मुखबिर की सूचना पर, पुलिस ने कारेगांव निवासी सौरभ बालकृष्ण शेलार और मनीष भास्कर कालबांडे को गिरफ्तार किया। पूछताछ के दौरान दोनों ने अपराध स्वीकार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों से 60 हजार रुपए

जांच टीम में सहायक फौजदार दत्तात्रय शिंदे, पुलिस हवलदार उमेश कुटवाल, योगेश गुंड, किशोर शिवणकर, और पुलिस हवलदार विजय सरजीने शामिल थे। मामले की आगे की जांच की जा रही है और यह पता लगाया जा रहा है कि आरोपियों ने पहले कितनी लूट की है और उनके गिरोह में कितने लोग शामिल हैं।

पुलिस अधिकारी ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि इन आरोपियों पर रंजनगांव एमआईडीसी पुलिस थाने में अन्य मामले भी दर्ज हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन यह भी आवश्यक है कि समाज में सुरक्षा के उपायों को और मजबूत किया जाए।
RashtraPress
17 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

क्या घटना के समय कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित की गई थी?
घटना के समय कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित नहीं की गई थी, जिससे वे लूट के शिकार बने।
क्या आरोपियों के खिलाफ पहले से कोई मामला दर्ज था?
जी हाँ, प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपियों पर पहले से अन्य मामले भी दर्ज हैं।
पुलिस ने लूटपाट के बाद क्या कदम उठाए?
पुलिस ने एक विशेष जांच टीम का गठन किया और सीसीटीवी फुटेज की मदद से आरोपियों की पहचान की।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 सप्ताह पहले
  2. 3 महीने पहले
  3. 3 महीने पहले
  4. 3 महीने पहले
  5. 4 महीने पहले
  6. 6 महीने पहले
  7. 7 महीने पहले
  8. 10 महीने पहले