13 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

असमानता के खिलाफ मेरी आवाज पर आरएसएस और मनुवादी कर रहे हैं मुझे निशाना: सिद्धारमैया

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
असमानता के खिलाफ मेरी आवाज पर आरएसएस और मनुवादी कर रहे हैं मुझे निशाना: सिद्धारमैया

सारांश

कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने असमानता के खिलाफ अपनी आवाज उठाने के कारण आरएसएस और मनुवादी ताकतों द्वारा निशाना बनाए जाने की बात कही। उन्होंने कांग्रेस की भूमिका को स्पष्ट किया।

मुख्य बातें

सिद्धारमैया ने असमानता के खिलाफ आवाज उठाई है।
आरएसएस और मनुवादी ताकतें उन्हें निशाना बना रही हैं।
कांग्रेस पार्टी हाशिए के लोगों के अधिकारों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है।
उपचुनाव में उमेश मेटी की जीत की अपील की गई।
भाजपा और मोदी के वादों पर सवाल उठाए गए हैं।

बागलकोट, 4 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने शनिवार को कहा कि असमानता के खिलाफ उनकी आवाज के कारण राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) और मनुवादी ताकतें उन्हें निशाना बना रही हैं।

बागलकोट में कर्नाटक शोशित समुदायों के महासंघ के कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सिद्धारमैया ने भाजपा और आरएसएस पर कड़ी आलोचना की। उन्होंने कहा, “मैं असमानता के खिलाफ खड़ा हूं और हाशिए पर रहने वाले लोगों के साथ हूं, इसी वजह से आरएसएस और मनुवादी मुझे निशाना बना रहे हैं। वे प्रताप सिम्हा के माध्यम से मुझ पर हमले की कोशिश कर रहे हैं।”

मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस ही एकमात्र पार्टी है जो किसानों, मजदूरों और वंचित वर्गों को एकजुट करती है। उन्होंने कहा, “कांग्रेस पार्टी हाशिए पर रहने वाले लोगों को सशक्त बनाने और सभी को आर्थिक एवं सामाजिक आजादी दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है।”

डॉ. भीमराव अंबेडकर के विचारों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि अंबेडकर का सपना हर व्यक्ति को आर्थिक और सामाजिक स्वतंत्रता दिलाना था और कांग्रेस उसी दिशा में प्रयासरत है।

सिद्धारमैया ने लोगों से कांग्रेस और भाजपा के बीच का अंतर समझने की अपील करते हुए कहा, “कांग्रेस गरीबों और वंचितों के लिए है, जबकि भाजपा कॉरपोरेट और अमीरों के लिए काम करती है।”

उन्होंने अपनी सरकार की उपलब्धियों को साझा करते हुए कहा कि वंचित वर्गों के लिए कर्ज और ब्याज माफी जैसे कदम उठाए गए हैं और आर्थिक विकास को बढ़ावा देने के लिए कई योजनाएं लागू की गई हैं।

मुख्यमंत्री ने उपचुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार उमेश मेटी की जीत की अपील करते हुए कहा, “भाजपा को हराना जरूरी है और उमेश मेटी को जिताना चाहिए।”

इससे पहले सिद्धारमैया ने भाजपा के ‘वाइब्रेंट गुजरात’ मॉडल की आलोचना करते हुए कहा कि इससे केवल कॉरपोरेट घरानों को फायदा हुआ है और अमीर-गरीब के बीच की खाई बढ़ी है।

उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर भी निशाना साधते हुए कहा कि 2014 में किए गए वादे पूरे नहीं हुए। उन्होंने कहा, “काले धन को वापस लाने और हर खाते में 15 लाख रुपये देने का वादा किया गया था, लेकिन ऐसा कुछ नहीं हुआ।”

संपादकीय दृष्टिकोण

जो राजनीतिक परिदृश्य में महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने अपने बयान में यह स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी वंचित वर्गों के अधिकारों की रक्षा के लिए तत्पर है, जबकि उनके विरोधियों की नीतियों पर सवाल उठाया। यह दिखाता है कि भारतीय राजनीति में सामाजिक न्याय का मुद्दा कितना संवेदनशील है।
RashtraPress
13 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

सिद्धारमैया ने किस विषय पर आरएसएस और मनुवादियों को निशाना बनाने का आरोप लगाया?
सिद्धारमैया ने असमानता के खिलाफ अपनी आवाज उठाने के कारण आरएसएस और मनुवादियों को निशाना बनाने का आरोप लगाया।
कांग्रेस पार्टी का सिद्धारमैया के अनुसार क्या उद्देश्य है?
सिद्धारमैया के अनुसार, कांग्रेस पार्टी हाशिए पर रहने वाले लोगों को सशक्त बनाने और उन्हें आर्थिक व सामाजिक आजादी दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है।
सिद्धारमैया ने उपचुनाव में किस कांग्रेस उम्मीदवार की जीत की अपील की?
सिद्धारमैया ने उपचुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार उमेश मेटी की जीत की अपील की।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 महीने पहले
  2. 2 महीने पहले
  3. 3 महीने पहले
  4. 3 महीने पहले
  5. 3 महीने पहले
  6. 3 महीने पहले
  7. 3 महीने पहले
  8. 3 महीने पहले