क्या उषा मंगेशकर ने गाया था 'मैं तो आरती उतारूं'?
सारांश
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मुंबई, 14 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। 90 के दशक के सभी वर्गों के बीच एक गाना 'मैं तो आरती उतारूं संतोषी माता की' हमेशा से चर्चित रहा है। इस गाने ने न केवल टीवी पर धूम मचाई, बल्कि कीर्तनों में भी अपनी विशेष पहचान बनाई। लेकिन क्या आप जानते हैं कि इस प्रसिद्ध गाने को किसने गाया था?
यह गाना लता मंगेशकर ने नहीं, बल्कि उनकी छोटी बहन उषा मंगेशकर ने गाया था। उषा को भी भगवान ने आवाज का जादू
15 दिसंबर को जन्मीं उषा मंगेशकर ने अपनी बहन लता को परिवार और करियर के बीच संघर्ष करते देखा और इसीलिए गायन की ओर बढ़ीं। जब उषा ने गाना शुरू किया, तब लता पहले ही हिंदी सिनेमा में अपनी पहचान बना चुकी थीं। पिता के निधन के कारण उषा ने परिवार का सहारा बनने के लिए गाना शुरू किया, लेकिन किसी को नहीं पता था कि तीनों बहनें सिंगिंग में अपनी खास जगह बना लेंगी।
उषा हमेशा अपनी बड़ी बहन लता के करीब रहीं और हर परिस्थिति में उनका साथ दिया। लता के निधन के बाद उषा ने वाराणसी में अस्थिकलश को गंगा में प्रवाहित करके अपनी बहन की आत्मा को शांति दी। उन्होंने कहा कि अब वे अकेली हैं और एक पल भी बिताना उनके लिए कठिन हो रहा है।
साल 1953 में प्लेबैक सिंगर के रूप में उषा का करियर शुरू हुआ, लेकिन उन्हें 1975 में फिल्म 'जय संतोषी मां' का गाना 'मैं तो आरती' गाकर असली पहचान मिली। इस गाने ने घर-घर में प्रसिद्धि हासिल की और इसके लिए उन्हें सर्वश्रेष्ठ महिला पार्श्व गायक का फिल्मफेयर पुरस्कार मिला।
उषा ने कई प्रमुख फिल्मों जैसे 'खट्टा मीठा', 'तराना', 'काला पत्थर', 'नसीब', 'खूबसूरत', और 'डिस्को डांसर' में अपनी आवाज दी। उन्होंने अपनी बहन के साथ मिलकर भी कई डुएट गाए, जिनमें 'आया मौसम दोस्ती का', 'आशा का फूल', और 'सब जनता का है' जैसे हिट गाने शामिल हैं।