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उत्तरकाशी आपदा : राहत और बचाव कार्यों के लिए 20 करोड़ रुपए क्यों जारी किए गए?

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उत्तरकाशी आपदा : राहत और बचाव कार्यों के लिए 20 करोड़ रुपए क्यों जारी किए गए?

सारांश

उत्तरकाशी की धराली क्षेत्र में आई प्राकृतिक आपदा ने राहत कार्यों की आवश्यकता पैदा कर दी है। राज्य सरकार ने तुरंत 20 करोड़ रुपए की मंजूरी दी है और पुलिस बलों की विशेष तैनाती की गई है। जानिए इस आपदा से निपटने के लिए सरकार और पुलिस ने क्या कदम उठाए हैं।

मुख्य बातें

20 करोड़ रुपए की मदद से राहत कार्यों में तेजी लाने की कोशिश।
वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों का तैनाती।
140 विशेष आपदा राहत जवानों की तैनाती।
अन्य जिलों से भी पुलिसकर्मियों का सहयोग।
सरकार का उद्देश्य जनहानि को न्यूनतम करना।

देहरादून, 6 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। उत्तरकाशी जिला स्थित धराली क्षेत्र में हुई प्राकृतिक आपदा के मद्देनजर राहत और बचाव कार्यों को प्रभावी तरीके से संचालित करने के लिए राज्य सरकार ने 20 करोड़ रुपए की मंजूरी प्रदान की है।

इसके साथ ही, पुलिस मुख्यालय ने वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों और विशेष पुलिस बलों की त्वरित तैनाती की है। आपदा की गंभीरता को ध्यान में रखते हुए भारतीय पुलिस सेवा के वरिष्ठ अधिकारियों को उत्तरकाशी भेजा गया है।

इनमें एसडीआरएफ के पुलिस महानिरीक्षक अरुण मोहन जोशी, गढ़वाल परिक्षेत्र के आईजी राजीव स्वरूप, एसपी प्रदीप कुमार राय, एसपी अमित श्रीवास्तव, एसपी सुरजीत सिंह पंवार और एसपी श्वेता चौबे शामिल हैं।

साथ ही, एक डिप्टी कमांडेंट और 11 डिप्टी एसपी भी राहत कार्यों के समन्वयन के लिए भेजे गए हैं, जो राहत एवं समन्वय कार्यों का नेतृत्व करेंगे।

इसके अलावा, आपदा प्रबंधन को और सशक्त बनाने के लिए सेनानायक आईआरबी द्वितीय, श्वेता चौबे के नेतृत्व में देहरादून की कंपनी तथा 40वीं वाहिनी पीएसी के विशेष आपदा राहत दल के 140 जवानों को भेजा गया है।

प्रदेश के अन्य जिलों से भी सहायता जुटाई गई है। देहरादून, हरिद्वार, पौड़ी और टिहरी से कुल 160 पुलिसकर्मियों (निरीक्षक से लेकर आरक्षी स्तर तक) को आवश्यक राहत उपकरणों के साथ प्रभावित क्षेत्रों में भेजा गया है।

इन सभी बलों को स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर राहत और बचाव कार्यों में तेजी लाने की जिम्मेदारी दी गई है। सरकार और पुलिस प्रशासन का उद्देश्य है कि प्रभावित लोगों को तुरंत सहायता पहुँचे, जनहानि को न्यूनतम किया जाए और राहत कार्य तेजी, समन्वय और सटीकता के साथ पूरे किए जाएं। सभी पुलिस बलों को 24 घंटे कार्य करने के निर्देश दिए गए हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

ताकि प्रभावित लोगों को त्वरित सहायता मिल सके। सरकार और पुलिस प्रशासन का उद्देश्य स्पष्ट है - जनहानि को न्यूनतम करना और राहत कार्यों को सटीकता के साथ पूरा करना।
RashtraPress
27 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

उत्तरकाशी आपदा में राहत के लिए कितने पैसे जारी किए गए?
उत्तरकाशी में राहत कार्यों के लिए राज्य सरकार ने 20 करोड़ रुपए की मंजूरी दी है।
आपदा में किस प्रकार के पुलिस बलों की तैनाती की गई है?
आपदा के दौरान वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों और विशेष पुलिस बलों की तैनाती की गई है।
आपदा प्रबंधन के लिए कौन से जवान भेजे गए हैं?
आईआरबी द्वितीय के सेनानायक श्वेता चौबे के नेतृत्व में 140 विशेष आपदा राहत जवान भेजे गए हैं।
अन्य जिलों से कितने पुलिसकर्मी भेजे गए हैं?
अन्य जिलों से 160 पुलिसकर्मियों को आवश्यक राहत उपकरणों के साथ प्रभावित क्षेत्रों में भेजा गया है।
सरकार का उद्देश्य क्या है?
सरकार का उद्देश्य प्रभावित लोगों को तुरंत सहायता पहुंचाना और राहत कार्यों को तेजी और सटीकता के साथ पूरा करना है।
राष्ट्र प्रेस
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