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क्या हमारा उद्देश्य पुलिस और सीआरपीएफ के लिए लेटेस्ट ड्रोन टेक्नोलॉजी को पेश करना है?: आधार बंसल

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क्या हमारा उद्देश्य पुलिस और सीआरपीएफ के लिए लेटेस्ट ड्रोन टेक्नोलॉजी को पेश करना है?: आधार बंसल

सारांश

इंटरनेशनल ड्रोन एक्सपो में नई तकनीकों का प्रदर्शन हुआ है, जो पुलिस और सीआरपीएफ के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। आधार बंसल ने बताया कि ये तकनीकें पहले कभी नहीं देखी गई और इसमें पानी के नीचे काम करने की क्षमता भी शामिल है।

मुख्य बातें

लेटेस्ट ड्रोन टेक्नोलॉजी प्रस्तुत की गई है।
पानी के अंदर काम करने वाली यूनिक टेक्नोलॉजी उपलब्ध है।
140 कंपनियां विभिन्न टेक्नोलॉजी प्रदर्शित कर रही हैं।
पुलिस और सीआरपीएफ के लिए नई तकनीकें लाने का उद्देश्य है।
आर्मी और बॉर्डर फोर्सेस के लिए एंटी ड्रोन टेक्नोलॉजी को भी शामिल किया गया है।

नई दिल्ली, 31 जुलाई (राष्ट्र प्रेस)। नेक्सजेन एग्जीबिशन के डायरेक्टर आधार बंसल ने कहा कि इंटरनेशनल ड्रोन एक्सपो के दौरान ऐसी लेटेस्ट टेक्नोलॉजी पेश की जा रही है, जिसका उपयोग आर्मी और बॉर्डर फोर्सेस द्वारा पहले कभी नहीं किया गया। उन्होंने बताया कि इस वर्ष की पेशकश में पानी के अंदर काम करने वाली एक यूनिक टेक्नोलॉजी भी शामिल है।

बंसल ने '6वें इंटरनेशनल ड्रोन एक्सपो' के दौरान न्यूज एजेंसी राष्ट्र प्रेस से बातचीत करते हुए कहा, "इस कार्यक्रम में 15 देशों से 140 कंपनियां अपनी अलग-अलग टेक्नोलॉजी लेकर आई हैं। सर्विलेंस, सिस्टम कंट्रोल, एक्सेस कंट्रोल, ड्रोन और एंटी ड्रोन टेक्नोलॉजी यहां प्रदर्शित की जा रही हैं।"

उन्होंने कहा कि हमारा उद्देश्य है कि पुलिस और सीआरपीएफ के लिए लेटेस्ट टेक्नोलॉजी उपलब्ध कराई जाए, ताकि वे अपनी आवश्यकताओं के अनुसार सही विकल्प चुन सकें।

कार्यक्रम में एनएसजी, आईबी, मिनिस्ट्री ऑफ डिफेंस, सीआरपीएफ, सीआईएसएफ, आर्मी और 20 राज्यों से डेलिगेशन मौजूद हैं।

बंसल ने कहा, "हमारी तकनीक केवल सरफेस पर ही नहीं, अपितु अंडरवॉटर भी काम करती है।" उन्होंने एंटी ड्रोन टेक्नोलॉजी पर भी जोर दिया और कहा कि यह आर्मी और बॉर्डर फोर्सेस को बहुत सहायता प्रदान करेगी।

अक्सी एयरोस्पेस ग्रुप के मैनेजिंग डायरेक्टर पंकज अकुला ने भी बताया कि वे अपने ऑटो पायलट, बैटरी और अन्य स्वदेशी ड्रोन कंपोनेट्स को प्रदर्शित कर रहे हैं।

उन्होंने यह भी बताया कि हैदराबाद में एक ड्रोन मैन्युफैक्चरिंग यूनिट स्थापित की गई है, और हमें एक यूरोपियन ग्लोबल मेजर कंपनी से 85 करोड़ रुपए का कॉन्ट्रैक्ट मिला है।

अकुला ने कहा, "हम 21 अलग-अलग प्रकार के ड्रोन बना रहे हैं, जिनका उपयोग एग्रीकल्चर, सर्विलेंस, कॉम्बेट और कार्गो में किया जा रहा है।"

संपादकीय दृष्टिकोण

यह स्पष्ट है कि नई ड्रोन टेक्नोलॉजी सुरक्षा बलों की कार्यप्रणाली में महत्वपूर्ण बदलाव ला सकती है। यह न केवल उनकी क्षमता को बढ़ाएगी, बल्कि देश में सुरक्षा के स्तर को भी मजबूत करेगी।
RashtraPress
1 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

क्या इंटरनेशनल ड्रोन एक्सपो में सभी देशों की कंपनियां शामिल हैं?
हां, इस कार्यक्रम में 15 देशों की 140 कंपनियां शामिल हैं।
क्या नई टेक्नोलॉजी पानी के नीचे भी काम करती है?
जी हां, इस वर्ष की पेशकश में ऐसी तकनीक है जो पानी के अंदर भी कार्य कर सकती है।
बंसल का उद्देश्य क्या है?
उनका उद्देश्य पुलिस और सीआरपीएफ के लिए लेटेस्ट ड्रोन टेक्नोलॉजी लाना है।
राष्ट्र प्रेस
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