FPJ अध्यक्ष अभिषेक करनानी: मजबूत वार्षिक रिपोर्टिंग से कॉरपोरेट पारदर्शिता और सुशासन को मिलता है बल
सारांश
मुख्य बातें
फ्री प्रेस जर्नल (FPJ) के अध्यक्ष अभिषेक करनानी ने 14 मई 2026 को मुंबई में आयोजित FPJ-केयरएज वार्षिक रिपोर्ट पुरस्कार समारोह के चौथे संस्करण में कहा कि कंपनियों द्वारा सशक्त वार्षिक रिपोर्टिंग भारत के कॉरपोरेट जगत में पारदर्शिता के ऊँचे मानक स्थापित करती है और एक बेहतर कार्य-संस्कृति की नींव रखती है। उन्होंने इस मंच को एक विश्वसनीय कॉरपोरेट विचार-मंच के रूप में विकसित करने की प्रतिबद्धता जताई, जहाँ सुशासन, जवाबदेही और श्रेष्ठ कार्यप्रणालियों पर गहन संवाद हो सके।
वार्षिक रिपोर्ट: कानूनी औपचारिकता से आगे
समारोह में इस बात पर विशेष ज़ोर दिया गया कि वार्षिक रिपोर्टें अब महज़ एक विधिक अनिवार्यता नहीं रहीं। विशेषज्ञों के अनुसार, ये दस्तावेज़ अब किसी संगठन की रणनीतिक सोच, सतत विकास के प्रति दृष्टिकोण, पर्यावरण-सामाजिक-प्रशासनिक (ESG) मानकों के प्रति प्रतिबद्धता और दीर्घकालिक मूल्य-निर्माण की क्षमता को उजागर करने का प्रभावी माध्यम बन चुकी हैं।
केयर एनालिटिक्स एंड एडवाइजरी प्राइवेट लिमिटेड की सीईओ-एडवाइजरी स्वाति अग्रवाल ने कहा कि आज की वार्षिक रिपोर्टें सिर्फ वित्तीय आँकड़ों का संकलन नहीं हैं — इनमें जलवायु जोखिम प्रबंधन की रणनीतियाँ, सुशासन की रूपरेखा और दीर्घकालिक मूल्य-निर्माण के दृष्टिकोण भी समाहित होते हैं।
भास्कर भट्ट को 'हॉल ऑफ फेम' सम्मान
समारोह की एक उल्लेखनीय उपलब्धि रही टाइटन के पूर्व प्रबंध निदेशक और कंसाई नेरोलैक पेंट्स के वर्तमान अध्यक्ष भास्कर भट्ट को प्रतिष्ठित 'हॉल ऑफ फेम' पुरस्कार से सम्मानित किया जाना। आयोजकों के अनुसार, उन्हें यह सम्मान टाइटन को भारत के सर्वाधिक भरोसेमंद उपभोक्ता ब्रांडों में से एक बनाने और ईमानदारी, विश्वास तथा दीर्घकालिक मूल्य-निर्माण पर आधारित नेतृत्व शैली विकसित करने के लिए दिया गया।
विशेषज्ञों की पैनल चर्चा में उभरे अहम विचार
कार्यक्रम के दौरान अनुभवी निवेशक रामदेव अग्रवाल और जानी-मानी व्यापार रणनीतिकार रमा बिजापुरकर के साथ पैनल चर्चाएँ आयोजित की गईं। इन सत्रों में बाज़ार के बदलते स्वरूप, उपभोक्ता व्यवहार में आ रहे बदलाव, दीर्घकालिक निवेश की रणनीतियाँ और भारत के कॉरपोरेट परिदृश्य के भविष्य पर विचार साझा किए गए।
FPJ की अपनी पारदर्शिता यात्रा
करनानी ने यह भी रेखांकित किया कि पारदर्शिता FPJ की अपनी संस्थागत यात्रा का भी अभिन्न अंग रही है। उन्होंने बताया कि यह प्रकाशन अब मुंबई का दूसरा सबसे बड़ा अंग्रेजी दैनिक बन चुका है और यह एकमात्र ऐसा समाचार पत्र है जिसकी प्रसार संख्या का प्रमाणन ऑडिट ब्यूरो ऑफ सर्कुलेशन (ABC) द्वारा किया गया है। गौरतलब है कि यह समारोह प्रतिष्ठित कॉरपोरेट नेताओं, नीति-निर्माताओं, निवेशकों और सुशासन विशेषज्ञों की उपस्थिति में संपन्न हुआ।
आने वाले वर्षों में इस मंच से कॉरपोरेट जवाबदेही और रिपोर्टिंग के मानकों पर और अधिक गहरी बहस की उम्मीद जताई जा रही है।