रेडिको खेतान की ब्रिटेन में बड़ी छलांग: हीथ्रो, गैटविक समेत 4 एयरपोर्ट्स पर रामपुर व्हिस्की उपलब्ध
सारांश
मुख्य बातें
रेडिको खेतान लिमिटेड ने 28 सितंबर 2026 को ग्लोबल ट्रैवल रिटेल (GTR) क्षेत्र में एक उल्लेखनीय मील का पत्थर हासिल किया — कंपनी के भारतीय लक्जरी स्पिरिट्स ब्रांड अब ब्रिटेन के हीथ्रो, गैटविक, मैनचेस्टर और बर्मिंघम एयरपोर्ट्स की ड्यूटी-फ्री दुकानों में उपलब्ध हो गए हैं। इस विस्तार के साथ रेडिको खेतान भारत की पहली स्पिरिट्स कंपनी बन गई है जिसके ब्रांड इन चारों प्रमुख ब्रिटिश हवाई अड्डों पर एक साथ मौजूद हैं।
कौन-से ब्रांड हुए शामिल
कंपनी के अनुसार, रामपुर इंडियन सिंगल माल्ट डबल कास्क, रामपुर असावा, रामपुर बैरल ब्लश और संगम वर्ल्ड माल्ट को इस ड्यूटी-फ्री नेटवर्क में शामिल किया गया है। रामपुर इंडियन सिंगल माल्ट का निर्माण 1943 में स्थापित रामपुर डिस्टिलरी में होता है, जहाँ हिमालय की तराई क्षेत्र की विशेष जलवायु इसके स्वाद को अलग पहचान देती है। डबल कास्क, असावा और बैरल ब्लश — तीनों संस्करण भारतीय सिंगल माल्ट की विभिन्न बारीकियों को प्रदर्शित करते हैं।
बाज़ार का आकार और अवसर
कंपनी के आँकड़ों के अनुसार, वर्ष 2025 में इन चारों एयरपोर्ट्स से कुल मिलाकर 17 करोड़ से अधिक यात्रियों ने यात्रा की। इनमें हीथ्रो से लगभग 8.45 करोड़, गैटविक से 4.28 करोड़, मैनचेस्टर से 3.21 करोड़ और बर्मिंघम से 1.37 करोड़ यात्री शामिल थे। यह विशाल यात्री आधार भारतीय लक्जरी स्पिरिट्स को वैश्विक उपभोक्ताओं के सामने सीधे प्रस्तुत करने का बड़ा अवसर है।
कंपनी नेतृत्व की प्रतिक्रिया
रेडिको खेतान के प्रबंध निदेशक अभिषेक खेतान ने कहा कि कंपनी की अंतरराष्ट्रीय रणनीति महज़ अधिक एयरपोर्ट्स तक पहुँचने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह उन उपभोक्ताओं तक भारतीय स्पिरिट्स पहुँचाने की कोशिश है जो 'गुणवत्ता, विरासत और विशिष्ट पहचान को महत्व देते हैं।' उन्होंने इसे भारतीय लक्जरी स्पिरिट्स को वैश्विक स्तर पर स्थापित करने की दिशा में एक अहम पड़ाव बताया।
कंपनी के अंतरराष्ट्रीय कारोबार के अध्यक्ष संजीव बांगा ने कहा कि स्कॉच व्हिस्की की जन्मभूमि ब्रिटेन में भारतीय व्हिस्की की उपस्थिति अपने आप में प्रतीकात्मक महत्व रखती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कंपनी स्कॉच और भारतीय व्हिस्की के बीच किसी एक को चुनने की अपील नहीं कर रही, बल्कि व्हिस्की की दुनिया में भारतीय पहचान के लिए 'बराबरी की जगह' सुनिश्चित करना चाहती है।
वित्तीय प्रदर्शन और GTR विस्तार
यह कदम कंपनी के मज़बूत वित्तीय प्रदर्शन की पृष्ठभूमि में उठाया गया है। वित्त वर्ष 2025-26 में रेडिको खेतान का शुद्ध राजस्व लगभग ₹6,050 करोड़ रहा, जबकि IMFL वॉल्यूम 22 प्रतिशत बढ़कर 3.83 करोड़ केस तक पहुँच गया। इसी वित्त वर्ष में कंपनी के प्रेस्टीज एंड अबव (P&A) पोर्टफोलियो का योगदान कुल IMFL मूल्य का 70.3 प्रतिशत रहा।
वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में कंपनी ने अब तक का सबसे ऊँचा तिमाही वॉल्यूम, राजस्व और EBITDA दर्ज किया — राजस्व लगभग ₹1,684 करोड़, EBITDA ₹348 करोड़ और EBITDA मार्जिन 20.7 प्रतिशत रहा। P&A पोर्टफोलियो में 36 प्रतिशत की वृद्धि भी दर्ज की गई।
आगे की राह
रेडिको खेतान फ़िलहाल दुनियाभर में 65 से अधिक ड्यूटी-फ्री लोकेशनों पर मौजूद है और इसे बढ़ाकर 100 से अधिक स्थानों तक ले जाने का लक्ष्य रखा गया है। यह ऐसे समय में आया है जब वैश्विक स्तर पर भारतीय सिंगल माल्ट व्हिस्की को लेकर रुचि तेज़ी से बढ़ रही है और स्कॉच व्हिस्की के एकाधिकार को नई टक्कर मिल रही है।