अहमदाबाद फैशन वीक में एकता जैन ने रेस्क्यू पालतू जानवरों संग किया रैंप वॉक, दिया 'गोद लें, खरीदें नहीं' का संदेश
सारांश
मुख्य बातें
अभिनेत्री और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर एकता जैन ने 18 जून 2025 को अहमदाबाद फैशन वीक सीजन 3 में रेस्क्यू किए गए पालतू जानवरों के साथ रैंप वॉक कर पशु कल्याण का एक सशक्त संदेश दिया। उन्होंने दर्शकों से अपील की कि पालतू जानवर खरीदने के बजाय उन्हें गोद लें, क्योंकि अनेक बेसहारा जानवर एक प्यार भरे घर का इंतज़ार कर रहे हैं।
शो का स्वरूप और उद्देश्य
फैशन वीक के दौरान 'टेल्स एंड थ्रेड्स पेट कूट्योर' शो का आयोजन किया गया, जिसे अर्चना जैन ने प्रस्तुत किया। इस विशेष शो में रेस्क्यू किए गए पालतू जानवरों और पेट इन्फ्लुएंसर्स ने मॉडल्स व आमंत्रित अतिथियों के साथ रैंप साझा किया। कार्यक्रम का मूल उद्देश्य पशु कल्याण, पालतू जानवरों को अपनाने और उनकी जिम्मेदारीपूर्ण देखभाल के प्रति जन-जागरूकता फैलाना था।
एकता जैन ने क्या कहा
एकता जैन ने इस अनुभव को अपने करियर के सबसे यादगार पलों में से एक बताया। उन्होंने कहा, 'पालतू जानवरों के साथ रैंप पर चलकर मुझे बहुत अच्छा लगा। उनका स्नेह और मासूमियत इस अनुभव को और भी खास बना देती है। मैं सभी लोगों से कहना चाहूंगी कि पालतू जानवर खरीदने के बजाय उन्हें गोद लें। ऐसे बहुत से जानवर हैं, जो एक प्यार भरे घर का बेसब्री से इंतज़ार कर रहे हैं।'
उन्होंने इस पहल के लिए आयोजक अर्चना जैन का आभार भी जताया और कहा, 'मैं अर्चना जैन की शुक्रगुजार हूं कि उन्होंने मुझे इस खूबसूरत और सार्थक पहल का हिस्सा बनने का अवसर दिया। जब फैशन समाज को सकारात्मक संदेश देने का माध्यम बनता है, तब उसका महत्व और बढ़ जाता है।'
एकता जैन का परिचय
एकता जैन 'शाका लाका बूम बूम', 'फैमिली नंबर 1' और 'शगुन' जैसे लोकप्रिय धारावाहिकों के साथ-साथ 'ताल', 'नायक', 'खल्ली बल्ली' और 'त्राहिमाम' जैसी फिल्मों में अभिनय कर चुकी हैं। मनोरंजन जगत में अपनी पहचान बना चुकीं एकता सोशल मीडिया पर भी सक्रिय रहती हैं और सामाजिक मुद्दों पर मुखर रहती हैं।
दर्शकों पर असर
यह शो पूरे अहमदाबाद फैशन वीक के सबसे चर्चित कार्यक्रमों में शामिल हो गया। फैशन और पशु कल्याण के इस अनूठे संगम ने दर्शकों को गहराई से प्रभावित किया। गौरतलब है कि यह ऐसे समय में आया है जब भारत में पालतू जानवरों की खरीद-बिक्री और उनके साथ दुर्व्यवहार को लेकर सामाजिक बहस तेज़ हो रही है।
आगे क्या
इस पहल ने फैशन इंडस्ट्री में सामाजिक संदेश को मंच देने की एक नई मिसाल कायम की है। उम्मीद है कि आने वाले फैशन आयोजनों में भी पशु कल्याण जैसे विषयों को इसी तरह प्रमुखता मिलती रहेगी।