रणदीप हुड्डा ने बेटी न्योमिका की पहली चावल रस्म 'चाकुम्बा' की तस्वीरें साझा कीं
सारांश
मुख्य बातें
अभिनेता रणदीप हुड्डा ने अपनी बेटी न्योमिका की पहली चावल रस्म — मणिपुरी मैतेई परंपरा में 'चाकुम्बा' कहलाने वाले इस विशेष समारोह — की भावपूर्ण तस्वीरें 19 जुलाई को इंस्टाग्राम पर साझा कीं। इस अवसर पर परिवार के सदस्य और करीबी एकजुट हुए और पारंपरिक माहौल में न्योमिका के जीवन के इस महत्वपूर्ण पड़ाव का जश्न मनाया।
क्या है चाकुम्बा रस्म
चाकुम्बा मणिपुरी मैतेई समुदाय की एक पारंपरिक रस्म है, जिसमें शिशु को पहली बार ठोस आहार — विशेष रूप से चावल — खिलाया जाता है। यह समारोह बच्चे के केवल दूध पर निर्भर रहने से आगे बढ़कर सामान्य भोजन की शुरुआत का प्रतीक माना जाता है और परिवार के लिए एक भावनात्मक व सांस्कृतिक उत्सव होता है।
रणदीप का भावुक संदेश
रणदीप हुड्डा ने इंस्टाग्राम पोस्ट में लिखा, 'कुछ पल ऐसे होते हैं जिन्हें आप हमेशा के लिए संजोकर रखना चाहते हैं। न्योमिका का चाकुम्बा उनमें से एक था। उसका पहली बार चावल चखना और उन सभी लोगों के प्रति दिल से आभार जिन्होंने उसे आशीर्वाद दिया।' उन्होंने इस पल को अपनी ज़िंदगी के सबसे यादगार अनुभवों में से एक बताया।
समारोह की झलकियाँ
साझा की गई तस्वीरों में रणदीप हुड्डा अपनी पत्नी लिन लैशराम और बेटी न्योमिका के साथ नज़र आए। एक तस्वीर में लिन ने न्योमिका को गोद में लिया हुआ है, जबकि रणदीप उनके पास बैठे दिख रहे हैं। अभिनेता ने अपने माता-पिता और परिवार के अन्य सदस्यों के साथ बिताए पलों को भी इस पोस्ट में शामिल किया। एक तस्वीर में समारोह के मेहमान जमीन पर बैठकर पारंपरिक भोजन का आनंद लेते दिखे।
पारंपरिक परिधान में दिखा दंपती
इस खास अवसर पर रणदीप हुड्डा पारंपरिक सफेद कुर्ता और धोती में नज़र आए, जबकि लिन लैशराम ने गुलाबी साड़ी और मैचिंग शॉल पहना था। दोनों के पारंपरिक परिधान और पारिवारिक उल्लास ने समारोह की सांस्कृतिक गरिमा को और गहरा किया।
न्योमिका का परिचय
रणदीप हुड्डा और लिन लैशराम 10 मार्च 2026 को पहली बार माता-पिता बने। सोशल मीडिया पर साझा की गई जानकारी के अनुसार, बेटी का नाम 'न्योमिका' रणदीप की बहन ने सुझाया था। चाकुम्बा समारोह न केवल एक पारिवारिक उत्सव था, बल्कि मैतेई सांस्कृतिक विरासत को अगली पीढ़ी तक पहुँचाने का भी एक प्रतीकात्मक क्षण था।