क्या शिल्पा शिंदे और शुभांगी अत्रे की तुलना करना उचित है?
सारांश
Key Takeaways
- शिल्पा शिंदे की वापसी एक नया अध्याय है।
- रश्मि देसाई ने तुलना को सम्मान की कमी बताया।
- दोनों कलाकारों की मेहनत को सराहा जाना चाहिए।
- अंगूरी भाभी का किरदार दर्शकों के दिलों में खास है।
- तुलना करने से बचना चाहिए।
मुंबई, 14 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। टीवी की दुनिया में अंगूरी भाभी का किरदार हमेशा से दर्शकों के दिलों में खास स्थान रखता है। इस किरदार को सबसे पहले मशहूर करने वाली शिल्पा शिंदे ने अब दस साल बाद 'भाभीजी घर पर हैं 2.0' में वापसी की है। उनकी वापसी और हालिया बयानों ने दर्शकों और मीडिया में काफी चर्चा का विषय बन गए हैं।
शिल्पा ने कहा कि अंगूरी भाभी हमेशा से वही रही हैं और वह किसी से भी तुलना नहीं करतीं। इस बयान पर विभिन्न लोगों की राय अलग-अलग रही, इसी बीच अभिनेत्री रश्मि देसाई ने राष्ट्र प्रेस के साथ बातचीत में अपने विचार साझा किए।
ज्ञात हो कि इससे पहले अंगूरी भाभी का किरदार शुभांगी अत्रे ने निभाया था।
राष्ट्र प्रेस से बात करते हुए रश्मि देसाई ने कहा, "शिल्पा शिंदे और शुभांगी अत्रे दोनों ही अद्भुत कलाकार हैं और दोनों ने अपने-अपने समय में अंगूरी भाभी के किरदार को निभाने में अपनी पूरी मेहनत लगाई है। इस तरह की तुलना करना उचित नहीं है।"
उन्होंने कहा, "शिल्पा शिंदे एक वरिष्ठ अभिनेत्री हैं, और उनकी तुलना करना सम्मान की कमी की तरह है। अभिनय में किसी का स्थान केवल मेहनत और प्रदर्शन से तय होता है, और ऐसे बयानों को गलत नजर से नहीं देखना चाहिए।"
रश्मि ने कहा, "शिल्पा शिंदे एक बेबाक व्यक्तित्व वाली अभिनेत्री हैं। उनका दिया गया बयान उनके व्यक्तिगत दृष्टिकोण और करियर के अनुभव का हिस्सा है। उन्होंने कभी भी शो छोड़ने का मन नहीं बनाया, और अब जब वह वापस आई हैं, तो यह उनके लिए घर लौटने जैसा अनुभव है। दर्शकों को इस वापसी का स्वागत करना चाहिए और इस किरदार की यात्रा का सम्मान करना चाहिए।"
रश्मि ने आगे कहा, "शुभांगी अत्रे ने भी इस किरदार के लिए बहुत मेहनत की है। उन्होंने अंगूरी भाभी के रूप में अपने समय में दर्शकों को खूब एंटरटेन किया और इस किरदार के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दिखाई। दोनों कलाकारों की मेहनत की सराहना होनी चाहिए और तुलना करने की आवश्यकता नहीं है।"
उन्होंने कहा, "शो में शिल्पा की वापसी एक नया अध्याय है, लेकिन यह नहीं भूलना चाहिए कि शुभांगी ने भी इस किरदार को जीवंत बनाने में अपना योगदान दिया है।"