क्या बढ़ा यूरिक एसिड आपके स्वास्थ्य के लिए खतरा है?
सारांश
मुख्य बातें
नई दिल्ली, 7 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। आज के तेज़ रफ़्तार जीवन में स्वास्थ्य को बनाए रखना एक चुनौती बन गया है। अनियमित दिनचर्या, अस्वास्थ्यकर आहार और तनाव के कारण कई बीमारियाँ हमारे शरीर को प्रभावित करती हैं। 30-40शुगर, ब्लड प्रेशर, जोड़ों का दर्द, थायराइड और यूरिक एसिड जैसी समस्याओं का सामना कर रहे हैं। जब तक हम अपनी सेहत का ध्यान नहीं रखेंगे, तब तक इन बीमारियों से मुक्ति पाना कठिन है। हमारे शरीर में विभिन्न तत्व होते हैं, जिनमें से कुछ आवश्यक हैं और कुछ हानिकारक। एक ऐसा ही तत्व है यूरिक एसिड.
अमेरिका की नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन के अनुसार, यूरिक एसिड तब बनता है जब हम जो भोजन करते हैं, उसमें मौजूद प्यूरिन तत्व टूटता है। प्यूरिन मांस, मछली, दालें, मशरूम, पालक, चाय, कॉफी, शराब और कुछ विशिष्ट खाद्य पदार्थों में पाया जाता है। जब ये टूटते हैं, तो यूरिक एसिड बनता है, जिसे हमारे शरीर की किडनी बाहर निकाल देती है। लेकिन जब यूरिक एसिड का स्तर बढ़ने लगता है या किडनी इसे सही तरीके से बाहर नहीं निकाल पाती, तो यह खून में जमा होने लगता है। यही स्थिति हाइपरयूरिसीमिया कहलाती है, और इसका असर धीरे-धीरे हमारे जोड़ों पर पड़ने लगता है।
यूरिक एसिड के बढ़ने पर सबसे पहले जोड़ों पर असर होता है। घुटनों, एड़ियों, पैरों के अंगूठे या उंगलियों में दर्द, सूजन, जलन, अकड़न और चलने-फिरने में कठिनाई जैसी समस्याएं उत्पन्न होने लगती हैं। इस स्थिति को गठिया कहा जाता है। यदि समय रहते ध्यान न दिया गया तो यूरिक एसिड किडनी स्टोन, ब्लड प्रेशर, और दिल की बीमारियों का कारण बन सकता है।
इसलिए सवाल उठता है कि यूरिक एसिड को नियंत्रित कैसे करें? इसका सबसे आसान और प्रभावी तरीका है अपने खान-पान और जीवनशैली में कुछ बदलाव करना।
हमें ऐसी चीजें खाने से बचना चाहिए जिनमें प्यूरिन की मात्रा अधिक हो। तले-भुने, मसालेदार और अत्यधिक प्रोटीन वाले खाद्य पदार्थों से दूरी बनानी चाहिए। इसके बजाय हल्का और संतुलित भोजन करें। हरी पत्तेदार सब्जियां, मौसमी फल, फाइबर युक्त खाद्य पदार्थ और विटामिन सी युक्त फल जैसे संतरा, आंवला, और अमरूद को अपने आहार में शामिल करें।
पानी8-10 गिलास पानी पिएं ताकि यूरिक एसिड शरीर से आसानी से बाहर निकल सके। इसके अलावा, नारियल पानी, नींबू पानी और हल्का गर्म पानी पीना भी फायदेमंद होता है।
कुछ घरेलू उपाय भी यूरिक एसिड कम करने में सहायक हो सकते हैं, जैसे एक चम्मच अजवाइन रातभर पानी में भिगोकर सुबह खाली पेट पीना। एक गिलास पानी में दो चम्मच एप्पल साइडर विनेगर मिलाकर दिन में दो बार पीना। इसके अलावा, आधा चम्मच बेकिंग सोडा को एक गिलास पानी में मिलाकर दिन में एक-दो बार लेना या फिर कच्चा पपीता उबालकर उसका पानी पीना भी यूरिक एसिड के लिए लाभकारी माना जाता है।
इसके अलावा, रोजाना व्यायाम करना भी बहुत जरूरी है। खासकर पैदल चलना, हल्की स्ट्रेचिंग या साइक्लिंग से शरीर की चर्बी कम होती है और यूरिक एसिड भी नियंत्रित रहता है। मोटापा भी यूरिक एसिड बढ़ने का एक कारण होता है, इसलिए वजन पर ध्यान देना आवश्यक है।
यदि यूरिक एसिड बहुत अधिक बढ़ गया है, तो डॉक्टर से सलाह लेकर जांच कराएं।