नंगरहार भूकंप: अफगानिस्तान में 4.9 तीव्रता के झटके, 15 लोग घायल — जलालाबाद रहा केंद्र
सारांश
मुख्य बातें
अफगानिस्तान के पूर्वी नंगरहार प्रांत में 25 अगस्त 2026 की सुबह 4.9 तीव्रता का भूकंप आया, जिसमें कम से कम 15 लोग घायल हो गए। महिलाओं और बच्चों समेत सभी घायलों को इलाज के लिए नंगरहार रीजनल अस्पताल पहुँचाया गया है। यह भूकंप ऐसे समय में आया है जब अफगानिस्तान पहले से ही गहरे मानवीय संकट से जूझ रहा है।
भूकंप का केंद्र और समय
नंगरहार में तालिबान के जन स्वास्थ्य विभाग के प्रवक्ता नकीबुल्लाह रहीमी के अनुसार, भूकंप स्थानीय समयानुसार सुबह करीब 5:48 बजे प्रांतीय राजधानी जलालाबाद में आया। अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (USGS) ने पुष्टि की है कि इस भूकंप का केंद्र जलालाबाद से लगभग 4 किलोमीटर उत्तर-पूर्व में और धरती की सतह से 10 किलोमीटर की गहराई पर था।
रहीमी ने बताया कि झटके बेहसूद और कुज कुनार जिलों के साथ-साथ प्रांत के अन्य हिस्सों में भी महसूस किए गए। घायलों की स्थिति या संपत्ति के नुकसान के बारे में अधिकारियों ने फिलहाल कोई विस्तृत जानकारी नहीं दी है।
राहत और आकलन का काम जारी
अधिकारियों के अनुसार, वे स्थिति का आकलन कर रहे हैं और भूकंप से हुए नुकसान तथा हताहतों की पूरी जानकारी जुटाने में लगे हैं। स्वास्थ्य केंद्रों को सतर्क किया गया है और घायलों का उपचार जारी है।
हाल के भूकंपों का सिलसिला
गौरतलब है कि यह अफगानिस्तान में हाल के महीनों में आया तीसरा उल्लेखनीय भूकंप है। 19 अगस्त को USGS के अनुसार अफगानिस्तान में 5.3 तीव्रता का भूकंप आया था, जिसका केंद्र जुरम जिले से लगभग 35 किलोमीटर दक्षिण-पश्चिम में करीब 195.9 किलोमीटर की गहराई पर था।
इससे पहले 27 जून को अफगानिस्तान में 6.2 तीव्रता का भूकंप आया था, जिसके झटके दिल्ली, जम्मू-कश्मीर और उत्तर भारत के कई राज्यों तक महसूस किए गए थे। नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी (NCS) ने उस भूकंप की पुष्टि करते हुए बताया था कि यह 27 जून को शाम 7:04 बजे IST आया और इसका केंद्र 36.442° उत्तरी अक्षांश, 70.672° पूर्वी देशांतर पर 215 किलोमीटर की गहराई पर था।
इसी वर्ष अप्रैल में उत्तरी अफगानिस्तान में 5.9 तीव्रता के भूकंप में कम से कम 8 लोगों की मौत हो गई थी। अफगानिस्तान राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के प्रवक्ता मोहम्मद यूसुफ हम्माद ने बताया था कि काबुल प्रांत में एक घर ढह जाने से आठ लोगों की मौत हुई और एक बच्चा घायल हो गया। उस भूकंप का केंद्र 186.4 किलोमीटर की गहराई पर 36.55° उत्तरी अक्षांश और 70.85° पूर्वी देशांतर पर था।
अफगानिस्तान में भूकंप का खतरा क्यों अधिक
पहाड़ी भूगोल और कमज़ोर बुनियादी ढाँचे के कारण अफगानिस्तान में भूकंप अक्सर घातक साबित होते हैं। देश में जारी मानवीय संकट ने आपदाओं से प्रभावी ढंग से निपटने की क्षमता को गंभीर रूप से बाधित किया है, जिससे राहत कार्यों में देरी और संसाधनों की कमी एक बड़ी चुनौती बनी रहती है।
आगे क्या
अधिकारी नुकसान के पूर्ण आकलन में जुटे हैं। घायलों की संख्या और संपत्ति के नुकसान के बारे में आने वाले घंटों में और जानकारी सामने आने की संभावना है।