क्या कनाडा ने ईरान में अपने नागरिक की हत्या की निंदा की और जी7 ने और प्रतिबंधों की चेतावनी दी?
सारांश
Key Takeaways
- कनाडा ने ईरान में अपने नागरिक की हत्या की कड़ी निंदा की।
- जी7 ने ईरान के खिलाफ और प्रतिबंधों की चेतावनी दी।
- ईरान में मानवाधिकारों का उल्लंघन जारी है।
- कनाडाई नागरिकों की सुरक्षा के लिए सरकार सतर्क है।
- अंतरराष्ट्रीय समुदाय को एकजुट होकर आगे बढ़ने की आवश्यकता है।
ओटावा, 15 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। कनाडा ने बृहस्पतिवार को ईरानी अधिकारियों द्वारा अपने एक नागरिक की हत्या की सख्त निंदा की और ईरान में जारी जन-विरोध प्रदर्शनों के बीच दमनकारी कार्रवाइयों को तुरंत समाप्त करने की अपील की।
कनाडा की विदेश मंत्री अनीता आनंद ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर इस घटना की पुष्टि की। उन्होंने कहा, "ईरानी जनता द्वारा शांतिपूर्ण तरीके से किए जा रहे विरोध—जिसमें वे दमन और मानवाधिकार उल्लंघनों के खिलाफ अपनी आवाज़ को सुनने की मांग कर रहे हैं—के जवाब में सरकार ने मानव जीवन की खुलेआम अवहेलना की है।"
उन्होंने आगे कहा, "कनाडा ईरानी शासन की हिंसा की निंदा करता है और इसे तुरंत समाप्त करने की मांग करता है।" हालांकि, विदेश मंत्री या विदेश मंत्रालय ने पीड़ित की पहचान या घटना के समय और स्थान के बारे में कोई जानकारी साझा नहीं की।
इससे एक दिन पहले, जी7 के विदेश मंत्रियों ने ओटावा से एक संयुक्त बयान में चेतावनी दी थी कि यदि ईरान अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार दायित्वों का उल्लंघन करते हुए विरोध और असहमति को कुचलना जारी रखता है, तो वे "अतिरिक्त प्रतिबंधात्मक कदम उठाने के लिए तैयार हैं।"
बयान में कहा गया, "हमें मौतों और घायलों की उच्च संख्या की रिपोर्टों से गहरी चिंता है। हम प्रदर्शनकारियों की हत्या, जानबूझकर हिंसा के उपयोग, मनमानी गिरफ्तारियों और सुरक्षा बलों द्वारा डराने-धमकाने की रणनीतियों की निंदा करते हैं।"
कनाडाई नागरिक की हत्या की खबर ऐसे समय आई है जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चेतावनी दी कि यदि प्रदर्शनकारियों के खिलाफ हिंसा जारी रही तो अमेरिका ईरान पर हमला कर सकता है। ट्रंप ने बुधवार को कहा था कि अमेरिका को बताया गया है कि प्रदर्शनकारियों की हत्याएं रोकी जाएंगी। वहीं, ईरान ने गुरुवार को कहा कि वह किसी ऐसे प्रदर्शनकारी के खिलाफ मौत का वारंट जारी नहीं कर रहा है, जिसके बारे में कहा जा रहा था कि उसे शीघ्र फांसी दी जा सकती है।
संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त वोल्कर तुर्क ने इस सप्ताह कहा, "शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों की हत्या रुकनी चाहिए और उनके खिलाफ हिंसा को जायज ठहराने के लिए उन्हें 'आतंकवादी' करार देना अस्वीकार्य है।"
उनके कार्यालय ने बताया कि कई अस्पतालों में बच्चों सहित बड़ी संख्या में घायलों के कारण गंभीर दबाव है।
मानवाधिकार संगठनों के अनुमान के अनुसार मृतकों की संख्या २,५०० से अधिक हो सकती है, लेकिन इंटरनेट और संचार के अधिकांश माध्यम बंद होने के कारण सटीक आंकड़े जुटाना कठिन हो गया है।
कनाडाई विदेश मंत्रालय के अनुसार, ईरान में ३,०५४ कनाडाई नागरिक और स्थायी निवासी मौजूद हैं। मंत्रालय ने उनसे देश छोड़ने की अपील की है।
गौरतलब है कि वर्ष २००३ में ईरान-कनाडाई स्वतंत्र फोटोग्राफर ज़हरा काज़मी, जिन्हें तेहरान में गिरफ्तार किया गया था, की हिरासत में मौत हो गई थी।