उत्तम नगर में होली के दौरान पानी के गुब्बारे से शुरू हुआ विवाद, युवक की हत्या के बाद सात गिरफ्तार
सारांश
Key Takeaways
- एक साधारण घटना ने गंभीर परिणाम उत्पन्न किए।
- पुलिस की त्वरित कार्रवाई महत्वपूर्ण थी।
- स्थानीय विवादों को बढ़ावा देने वाले तत्व सक्रिय होते हैं।
- सांप्रदायिक रंग देने की कोशिशें निंदनीय हैं।
- पुलिस ने इलाके में शांति बनाए रखने के लिए निगरानी बढ़ाई है।
नई दिल्ली, 7 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। दिल्ली के उत्तम नगर क्षेत्र में होली के अवसर पर एक छोटी सी घटना ने गंभीर मोड़ ले लिया, जिसमें एक युवा की जान चली गई। द्वारका जिला पुलिस ने इस मामले में सात व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें छह वयस्क और एक नाबालिग शामिल हैं। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित बताते हुए क्षेत्र में शांति बनाए रखने के लिए कड़ी निगरानी रखी है।
घटना की शुरुआत 4 मार्च 2026 की रात लगभग 11 बजे हुई, जब उत्तम नगर थाना क्षेत्र के दो पड़ोसी परिवारों के बीच विवाद उत्पन्न हुआ। एक 11 वर्षीय लड़की ने होली खेलते समय पानी से भरा गुब्बारा फेंका, जो गलती से पड़ोसी की महिला पर गिर गया।
इस घटना पर दोनों पक्षों के बीच बहस हुई, जो अंततः हाथापाई में बदल गई। सड़क पर इकट्ठा हुए लोगों ने एक-दूसरे पर हमला कर दिया, जिसमें दोनों पक्षों के कुल आठ लोग घायल हो गए। ज्यादातर घायलों को उसी दिन अस्पताल से छुट्टी दे दी गई, लेकिन तरुण (26 वर्ष) की चोटें गंभीर थीं।
तरुण को अस्पताल में भर्ती कराया गया, लेकिन 5 मार्च110/3(5) के तहत मामला दर्ज किया और चार लोगों को गिरफ्तार किया। मौत के बाद धारा 103(1) (हत्या) जोड़ दी गई। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कुल सात लोगों को पकड़ा, जिसमें एक नाबालिग भी शामिल है।
पुलिस के अनुसार, दोनों परिवार राजस्थान से हैं और पिछले कई दशकों से पड़ोसी हैं। इनके बीच पार्किंग, कचरा फेंकने जैसी छोटी बातों पर पहले से मतभेद चलते आ रहे थे। इस घटना को कुछ असामाजिक तत्वों ने बढ़ावा देने का प्रयास किया, जिससे तनाव और बढ़ गया। हालांकि, पुलिस ने इसे सांप्रदायिक रंग देने से इनकार किया और इसे दो परिवारों के बीच पुरानी रंजिश का परिणाम बताया।
द्वारका के डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस कुशल पाल सिंह ने कहा कि क्षेत्र में लगातार पेट्रोलिंग की जा रही है। निगरानी को बढ़ाने के लिए क्षेत्र को जोन, सेक्टर और सब-सेक्टर में बांटा गया है।