क्या वेनेजुएला के साथ संबंधों को मजबूत करने की इच्छा में कोई बदलाव आएगा?
सारांश
Key Takeaways
- चीन का वेनेजुएला के प्रति समर्थन मजबूत है।
- अमेरिका की कार्रवाइयां अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन करती हैं।
- द्विपक्षीय संबंधों में कोई परिवर्तन नहीं आएगा।
- लैटिन अमेरिका के साथ आर्थिक और व्यापारिक सहयोग जारी रहेगा।
बीजिंग, 8 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। चीनी वाणिज्य मंत्रालय के प्रवक्ता हे याडोंग ने एक नियमित प्रेस कॉन्फ्रेंस में वेनेजुएला से जुड़े सवाल का उत्तर देते हुए कहा कि अमेरिका की वर्चस्ववादी कार्रवाइयां अंतरराष्ट्रीय कानून का गंभीर उल्लंघन करती हैं, जो वेनेजुएला की संप्रभुता को प्रभावित करती हैं और लैटिन अमेरिका में शांति एवं सुरक्षा के लिए खतरा बनती हैं। चीन इसका कड़ा विरोध करता है।
चीन-वेनेजुएला के आर्थिक एवं व्यापारिक सहयोग संप्रभु देशों के बीच के संबंध हैं, जो अंतरराष्ट्रीय कानून और दोनों देशों के कानूनों द्वारा संरक्षित हैं। इसमें अन्य देशों को हस्तक्षेप करने का कोई अधिकार नहीं है। चाहे वेनेजुएला की राजनीतिक स्थिति में कोई बदलाव आए, चीन की द्विपक्षीय आर्थिक एवं व्यापारिक संबंधों को गहरा करने की इच्छा में कोई कमी नहीं आएगी।
हे याडोंग ने आगे कहा कि लैटिन अमेरिकी देशों के साथ चीन का आर्थिक एवं व्यापारिक सहयोग हमेशा समानता, पारस्परिक लाभ और समान-जीत के सिद्धांतों का पालन करता रहा है। चीन ने कभी भी प्रभाव क्षेत्र की खोज नहीं की है। चीन-लैटिन अमेरिका के आर्थिक एवं व्यापारिक सहयोग की ठोस नींव उनकी आर्थिक पूरकता पर आधारित है, जबकि इसका खुलापन, समावेशिता और पारस्परिक लाभ वाली विशेषताएं इसे विशिष्ट बनाती हैं। चीन एकजुटता और सहयोग के साथ लैटिन अमेरिकी देशों के साथ अंतरराष्ट्रीय चुनौतियों का सामना करते हुए साझा विकास की दिशा में आगे बढ़ने का प्रयास करता रहेगा।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)