ईरान के पूर्व विदेश मंत्री कमाल खराजी की स्थिति गंभीर, एयर स्ट्राइक में पत्नी की मृत्यु
सारांश
Key Takeaways
- कमाल खराजी की स्थिति गंभीर है।
- उनकी पत्नी की मृत्यु हुई है।
- यह घटना अमेरिका और इजरायल के हमलों के बीच हुई है।
- ईरानी स्वास्थ्य मंत्रालय ने हमले की निंदा की है।
- यह घटना एक हत्या की कोशिश के रूप में देखी जा रही है।
तेहरान, 2 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। ईरान के पूर्व विदेश मंत्री और सुप्रीम लीडर के सलाहकार कमाल खराजी की स्थिति अत्यंत गंभीर बनी हुई है। स्थानीय मीडिया के मुताबिक, एक एयर स्ट्राइक में उनकी पत्नी की मृत्यु हो गई और खराजी गंभीर रूप से घायल हो गए।
सूत्रों के अनुसार, तेहरान में उनके निवास पर हमला किया गया। इस हमले के बाद उन्हें गंभीर स्थिति में अस्पताल में भर्ती किया गया। ईरानी मीडिया और स्थानीय रिपोर्टों में इसे एक 'हत्या की कोशिश' के रूप में वर्णित किया गया है।
खराजी ईरान की 'स्ट्रेटेजिक फॉरेन रिलेशंस काउंसिल' के अध्यक्ष हैं, जो देश के सबसे सर्वोच्च नेता को सलाह देती है और विदेश नीति से जुड़े महत्वपूर्ण निर्णयों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
यह घटना तब हुई है जब अमेरिका और इजरायल के हमले लगातार पांचवें हफ्ते भी ईरान पर जारी हैं।
ईरानी मीडिया ने बताया कि बुधवार को तेहरान में खराजी के घर पर हमला किया गया था। 'शर्ग', 'एतेमाद' और 'हम मिहान' दैनिकों के अनुसार, उनकी स्थिति गंभीर है और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
गुरुवार को भी तेहरान, इस्फाहान और शिराज पर हवाई हमलों की रिपोर्ट मिली है। दक्षिणी ईरान के लारेस्तान में चार लोगों के मारे जाने की सूचना है।
इस बीच, ईरान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने सोशल मीडिया पर कुछ तस्वीरें साझा की हैं और दावा किया है कि राजधानी में स्थित 100 साल पुराना मेडिकल रिसर्च सेंटर पर हमला कर उसे नष्ट कर दिया गया है।
स्वास्थ्य मंत्रालय के प्रवक्ता हुसैन केरमनपोर ने एक्स पोस्ट में अंतरराष्ट्रीय समुदाय से इस 'आक्रामकता' की ओर ध्यान देने की अपील की। उन्होंने इसे वैश्विक स्वास्थ्य व्यवस्था पर सीधा हमला बताया।
उन्होंने लिखा, "एक सदी पुराने वैश्विक स्वास्थ्य के स्तंभ 'ईरानी पाश्चर इंस्टीट्यूट' के खिलाफ की गई आक्रामकता, वैश्विक स्वास्थ्य प्रणाली पर सीधा हमला है। यह जिनेवा कन्वेंशन और आईएचएल के सिद्धांतों का उल्लंघन है।"
उन्होंने विश्व स्वास्थ्य संगठन, अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून (आईएचएल) को टैग करते हुए कहा, "हम डब्ल्यूएचओ, आईसीआरसी और वैश्विक स्वास्थ्य संस्थाओं से अपील करते हैं कि वे इस हमले की निंदा करें, नुकसान का आकलन करें और पुनर्निर्माण में सहायता करें।"