जानलेवा हमलों से बाल-बाल बचे ट्रंप समेत ये 4 अमेरिकी राष्ट्रपति — चौंकाने वाला इतिहास
सारांश
Key Takeaways
- डोनाल्ड ट्रंप पर 25 अप्रैल 2025 को वाशिंगटन हिल्टन होटल में तीसरा जानलेवा हमला हुआ, हमलावर गिरफ्तार।
- 13 जुलाई 2024 को पेन्सिलवेनिया रैली में गोली ट्रंप के कान को छूकर निकली, खून बहा लेकिन जान बची।
- रोनाल्ड रीगन पर 1981 में उसी वाशिंगटन हिल्टन के बाहर गोली लगी थी — एक ऐतिहासिक संयोग।
- गेराल्ड फोर्ड पर 1975 में तीन हफ्तों में दो बार हमला हुआ, दोनों बार बिना खरोंच बचे।
- थियोडोर रूजवेल्ट को 1912 में सीने में गोली लगी, फिर भी भाषण पूरा किया और बच गए।
- अमेरिका के चार राष्ट्रपति — लिंकन, गारफील्ड, मैकिन्ले और कैनेडी — पद पर रहते हुए हत्या का शिकार हुए।
नई दिल्ली, 26 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक बार फिर किसी जानलेवा हमले से बाल-बाल बच निकले — और यह तीसरा मौका है जब उनकी जान पर बन आई। लेकिन ट्रंप अकेले नहीं हैं; अमेरिकी इतिहास में कुल चार राष्ट्रपति ऐसे रहे हैं जो हत्या के प्रयासों के बावजूद जीवित बच निकले। यह घटनाक्रम अमेरिकी सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
ट्रंप पर तीसरा हमला — वाशिंगटन हिल्टन की रात
25 अप्रैल 2025 की रात वाशिंगटन स्थित होटल हिल्टन में व्हाइट हाउस कॉरेस्पोंडेंट्स डिनर का आयोजन था। इस समारोह में शामिल होने पहुंचे ट्रंप के निकट गोलियों की आवाज़ें सुनाई दीं। सुरक्षाकर्मियों ने तत्काल कार्रवाई करते हुए हमलावर को मौके पर ही दबोच लिया।
इससे पहले 15 सितंबर 2024 को फ्लोरिडा के एक गोल्फ कोर्स में ट्रंप को निशाना बनाने की कोशिश हुई थी। वेस्ट पाम बीच में गोल्फ खेलते वक्त 59 वर्षीय रयान वेस्ले राउथ झाड़ियों में एके-स्टाइल राइफल लेकर छिपा था। सतर्क सीक्रेट सर्विस ने उसे समय रहते पकड़ लिया।
सबसे पहला और सबसे खतरनाक हमला 13 जुलाई 2024 को पेन्सिलवेनिया में हुआ था, जब ट्रंप चुनाव प्रचार रैली को संबोधित कर रहे थे। एक गोली उनके दाहिने कान को छूकर निकल गई और खून बहने लगा। यह दृश्य पूरी दुनिया ने देखा और अमेरिकी राजनीति में भूचाल आ गया।
रोनाल्ड रीगन — उसी होटल के बाहर गोली लगी थी
एक विचित्र संयोग यह है कि रोनाल्ड रीगन पर 1981 में हमला भी वाशिंगटन हिल्टन होटल के बाहर ही हुआ था — वही होटल जहां दशकों बाद ट्रंप पर हमले की कोशिश की गई। रीगन को एक गोली लगी जो उनकी लिमोजीन से टकराकर उनकी बाईं ओर घुस गई। वे गंभीर रूप से घायल हुए, लेकिन बच गए।
यह घटना अमेरिकी इतिहास में राष्ट्रपति सुरक्षा की सबसे बड़ी चूकों में से एक मानी जाती है। रीगन के बाद सीक्रेट सर्विस के प्रोटोकॉल में व्यापक बदलाव किए गए थे।
गेराल्ड फोर्ड — तीन हफ्तों में दो बार निशाना
1970 के दशक में राष्ट्रपति गेराल्ड फोर्ड पर 1975 में मात्र तीन हफ्तों के भीतर दो बार जानलेवा हमले हुए। दोनों बार वे बिना किसी खरोंच के बच निकले। अमेरिकी इतिहास में इतने कम समय में दो हमले झेलने वाले फोर्ड एकमात्र राष्ट्रपति हैं।
थियोडोर रूजवेल्ट — सीने में गोली खाकर भी भाषण दिया
थियोडोर रूजवेल्ट पर 1912 में चुनाव प्रचार के दौरान हमला हुआ। गोली सीधे उनके सीने में जा लगी, फिर भी उन्होंने अस्पताल जाने से पहले अपना भाषण पूरा किया। उनकी जेब में रखी भाषण की मोटी प्रति और चश्मे के केस ने गोली की गति धीमी कर दी, जिससे उनकी जान बच गई।
जो राष्ट्रपति हमलों में मारे गए
अमेरिकी इतिहास में चार राष्ट्रपति ऐसे भी रहे जो इतने भाग्यशाली नहीं थे। 1865 में अब्राहम लिंकन, 1881 में जेम्स गारफील्ड, 1901 में विलियम मैकिन्ले और 1963 में जॉन एफ. कैनेडी — ये सभी राष्ट्रपति पद पर रहते हुए हत्या का शिकार हुए।
यह तथ्य इस बात को और भी गंभीर बना देता है कि ट्रंप पर तीन हमले हो चुके हैं और तीनों बार वे बचे। अमेरिकी सुरक्षा एजेंसियों पर अब यह दबाव है कि वे राष्ट्रपति की सुरक्षा में और कड़े कदम उठाएं। आने वाले दिनों में सीक्रेट सर्विस की कार्यप्रणाली की समीक्षा और संभावित सुधारों पर नज़र रखना जरूरी होगा।