ट्रंप बोले: 2028 में चुनाव लड़ना चाहता हूँ, लेकिन 22वाँ संशोधन आड़े आता है
सारांश
मुख्य बातें
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 12 अगस्त 2026 को स्वीकार किया कि वे 2028 में तीसरी बार राष्ट्रपति पद का चुनाव लड़ना चाहते हैं, लेकिन साथ ही यह भी माना कि अमेरिकी संविधान का 22वाँ संशोधन उनके इस इरादे के सामने एक मज़बूत कानूनी दीवार खड़ी करता है। पत्रकारों से बातचीत में ट्रंप ने कहा, "मैं फिर से चुनाव लड़ना पसंद करूँगा, लेकिन कानून बहुत मज़बूत है।"
संवैधानिक बाधा क्या है
अमेरिकी संविधान के 22वें संशोधन के अनुसार, कोई भी व्यक्ति दो बार से अधिक राष्ट्रपति नहीं चुना जा सकता। यह संशोधन 1951 में लागू किया गया था — आंशिक रूप से फ्रैंकलिन डी. रूजवेल्ट के लगातार चार कार्यकाल की प्रतिक्रियास्वरूप। ट्रंप 2016 और 2024 में दो बार राष्ट्रपति पद जीत चुके हैं, इसलिए संवैधानिक दृष्टि से तीसरा कार्यकाल उनके लिए वर्जित है।
समर्थकों का उत्साह और ट्रंप की प्रतिक्रिया
बीते कुछ हफ्तों में ट्रंप ने कई मौकों पर 2028 का ज़िक्र किया है। एक पत्रकार ने उस डिनर कार्यक्रम का हवाला दिया जिसमें 'ट्रंप 2028' का विज्ञापन प्रदर्शित किया गया था और जहाँ समर्थक उन्हें फिर से चुनाव लड़ने के नारे लगा रहे थे। इस पर ट्रंप ने कहा, "मुझसे हर कोई यह पूछता है। आज रात भी कार्यक्रम में लोग '2028' के नारे लगा रहे थे।" हालाँकि उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि क्या वे इस संवैधानिक प्रतिबंध को किसी कानूनी चुनौती के ज़रिये पार करने की कोशिश करेंगे।
सुरक्षा व्यवस्था और धमकियों का ज़िक्र
ट्रंप ने तुर्की की हालिया यात्रा के दौरान अपनाए गए सुरक्षा इंतज़ामों पर भी बात की। उन्होंने कहा कि यात्रा की व्यवस्था सीक्रेट सर्विस और सेना ने तय की थी और उन्होंने उनकी सलाह का पूरी तरह पालन किया। जब उनसे पूछा गया कि इतने कड़े सुरक्षा इंतज़ामों की ज़रूरत क्यों पड़ी, तो उन्होंने कहा, "मुझे बहुत सारी धमकियाँ मिलती हैं — ऐसी धमकियाँ जिनके बारे में आप नहीं जानते। जिन राष्ट्रपतियों का ज़्यादा प्रभाव होता है, उन्हें इस तरह की धमकियाँ मिलती हैं।"
ईरान और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज़ पर टिप्पणी
ट्रंप ने ईरान और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज़ से जुड़े तनावों पर भी अपनी राय रखी। उन्होंने दावा किया कि इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग पर अमेरिका का पूर्ण नियंत्रण है और अमेरिकी नौसेना की तारीफ की। जब उनसे पूछा गया कि क्या उन्हें ईरान पर भरोसा है, तो उन्होंने सीधे कहा, "मुझे ईरान पर भरोसा नहीं है।"
अर्थव्यवस्था पर आशावाद
बातचीत के दौरान ट्रंप ने अमेरिकी अर्थव्यवस्था, शेयर बाज़ार और रोज़गार के आँकड़ों की भी सराहना की। उन्होंने कहा, "देश अच्छा कर रहा है। शेयर बाज़ार शानदार प्रदर्शन कर रहा है।" यह बयान ऐसे समय में आया है जब वैश्विक स्तर पर आर्थिक अनिश्चितता को लेकर बहस जारी है। आने वाले हफ्तों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि ट्रंप के 2028 के संकेत अमेरिकी राजनीति में किस दिशा में नई बहस छेड़ते हैं।