ट्रंप-शी जिनपिंग बीजिंग शिखर वार्ता: उत्तर कोरिया, ताइवान और 200 बोइंग विमानों का सौदा
सारांश
मुख्य बातें
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार, 15 मई को पुष्टि की कि बीजिंग में इस सप्ताह हुई शिखर वार्ता के दौरान उन्होंने चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ उत्तर कोरिया, ताइवान और व्यापार समेत कई अहम मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की। ट्रंप ने यह जानकारी एयर फोर्स वन में पत्रकारों से बातचीत के दौरान दी, जब वे बीजिंग की तीन दिवसीय यात्रा समाप्त कर वाशिंगटन लौट रहे थे। यह 2017 के बाद किसी अमेरिकी राष्ट्रपति की पहली चीन यात्रा थी।
उत्तर कोरिया पर चर्चा और किम से संवाद की इच्छा
ट्रंप ने कहा कि उन्होंने शी जिनपिंग के साथ उत्तर कोरिया के मुद्दे पर चर्चा की और वे उत्तर कोरियाई नेता किम जोंग-उन के साथ एक बार फिर कूटनीतिक बातचीत शुरू करना चाहते हैं। हालाँकि, दोनों नेताओं के बीच उत्तर कोरिया पर हुई चर्चा का विस्तृत ब्यौरा अभी सार्वजनिक नहीं किया गया है। गौरतलब है कि बीजिंग शिखर सम्मेलन से पहले यह अटकलें लगाई जा रही थीं कि ट्रंप, चीन से मध्यस्थता की अपेक्षा कर सकते हैं ताकि प्योंगयांग के साथ बातचीत का रास्ता फिर से खुल सके।
ताइवान पर ट्रंप का रुख
ट्रंप ने बताया कि उन्होंने शी जिनपिंग के साथ ताइवान के मुद्दे पर भी विस्तार से बात की। उन्होंने कहा कि उन्हें नहीं लगता कि इस मसले पर कोई टकराव है। उल्लेखनीय है कि चीन ताइवान को अपना अभिन्न अंग मानता है, जबकि ताइवान स्वयं को एक स्वतंत्र लोकतांत्रिक इकाई के रूप में संचालित करता है — यह विरोधाभास दशकों से अमेरिका-चीन संबंधों की सबसे संवेदनशील गाँठ रहा है।
ईरान परमाणु कार्यक्रम पर नई शर्त
ट्रंप ने कहा कि वे ईरान द्वारा अपना परमाणु कार्यक्रम 20 वर्षों के लिए स्थगित करने के प्रस्ताव पर विचार करने को तैयार हैं, बशर्ते तेहरान की ओर से ठोस प्रतिबद्धता हो। यह रुख उनके पिछले महीने के बयान से भिन्न है, जब उन्होंने कहा था कि कोई समय-सीमा नहीं होनी चाहिए और ईरान को परमाणु हथियार रखने की अनुमति नहीं दी जा सकती। इसके अलावा, उन्होंने उन चीनी तेल कंपनियों पर भी चर्चा का उल्लेख किया जो ईरानी तेल खरीदने के कारण अमेरिकी प्रतिबंधों के दायरे में हैं। ट्रंप ने कहा कि वे अगले कुछ दिनों में तय करेंगे कि इन प्रतिबंधों को हटाया जाए या नहीं।
व्यापार मोर्चे पर बड़ी सफलता: 200 बोइंग विमानों का सौदा
आर्थिक मोर्चे पर ट्रंप ने बताया कि चीन ने 200 बोइंग विमान खरीदने पर सहमति जताई है और भविष्य में यह संख्या 750 तक पहुँच सकती है। यह सौदा दोनों देशों के बीच व्यापारिक तनाव के बीच एक महत्त्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। यह ऐसे समय में आया है जब अमेरिका और चीन के बीच टैरिफ विवाद अभी पूरी तरह सुलझा नहीं है।
व्हाइट हाउस का निमंत्रण और आगे की राह
गुरुवार को हुई बैठक के दौरान ट्रंप ने राष्ट्रपति शी जिनपिंग और चीन की प्रथम महिला पेंग लियुआन को 24 सितंबर को वाशिंगटन स्थित व्हाइट हाउस आने का आमंत्रण दिया। यदि यह यात्रा होती है, तो यह दोनों देशों के बीच शीर्ष-स्तरीय कूटनीति की निरंतरता का संकेत होगी। विश्लेषकों के अनुसार, इस बीजिंग शिखर वार्ता ने कई मोर्चों पर संवाद के द्वार तो खोले हैं, लेकिन ठोस समझौतों की रूपरेखा अभी स्पष्ट नहीं हुई है।