काला सागर में यूक्रेनी ड्रोन हमला: भारतीय क्रू वाले तेल टैंकर में आग, सभी 23 सुरक्षित
सारांश
मुख्य बातें
रूस के काला सागर तट के पास 7 अक्टूबर 2026 को एक बड़ी घटना में लाइबेरिया के झंडे वाले एक ऑयल टैंकर पर यूक्रेनी नेवल ड्रोन से हमला किया गया, जिसके बाद जहाज में भीषण आग लग गई। इस टैंकर पर सवार सभी 23 क्रू सदस्य भारतीय नागरिक थे, जिन्हें रूसी परिवहन मंत्रालय के अनुसार सुरक्षित बचा लिया गया है। यह घटना रूस के लोकप्रिय रिसॉर्ट शहर सोची के निकट हुई, जिसकी आबादी लगभग 5 लाख है।
हमले का विवरण और आग की भयावहता
रूसी परिवहन मंत्रालय ने बताया कि टैंकर पर 'नेवल ड्रोन' से हमला किया गया, जिसके बाद कच्चे तेल में आग भड़क उठी। आग इतनी तीव्र थी कि शुरुआती चरण में दमकलकर्मी इसे काबू में करने में असमर्थ रहे। मंत्रालय ने कहा कि आग की तीव्रता कम होने पर दमकलकर्मी एक और प्रयास करेंगे।
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में समुद्र में तेज नारंगी रंग की लपटें और सोची के आसमान में काले धुएं का घना गुबार दिखाई दे रहा है। शहर के मेयर ने सोशल मीडिया पर जानकारी दी कि घटना के बाद तट और समुद्र तटों तक नागरिकों की पहुँच पर तत्काल प्रतिबंध लगा दिया गया है।
भारतीय नाविकों की सुरक्षा
टैंकर पर सवार सभी 23 भारतीय नागरिकों को सुरक्षित निकाल लिया गया है। यह घटना ऐसे समय में आई है जब काला सागर क्षेत्र में भारतीय नाविकों की सुरक्षा पहले से चर्चा में है। गौरतलब है कि इसी घटना से महज एक दिन पहले रोमानियाई तट के पास एक अन्य जहाज में आग लगने और उसके डूबने की घटना हुई थी, जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई और एक अन्य लापता हो गया। उस घटना में भी एक भारतीय क्रू सदस्य घायल हुआ था।
काला सागर में बढ़ते हमले और पृष्ठभूमि
2022 में रूस-यूक्रेन संघर्ष शुरू होने के बाद से काला सागर में व्यावसायिक जहाजरानी पर हमलों में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। दोनों पक्षों ने इस क्षेत्र में जहाजों और समुद्री बुनियादी ढाँचे को निशाना बनाया है। हाल के दिनों में रूस ने यूरोपीय संघ के सदस्य देश रोमानिया के तट के पास यूक्रेनी अनाज ले जा रहे जहाजों पर हमले किए हैं।
वहीं, यूक्रेन का कहना है कि रूस के तेल बुनियादी ढाँचे पर उसके हमले, मॉस्को द्वारा यूक्रेनी नगरों और शहरों पर रात में किए जाने वाले हमलों के जवाब में उचित हैं। दोनों पक्षों ने हाल के हफ्तों में अपने-अपने हमले और तेज करने का संकल्प व्यक्त किया है।
रूस की नई रणनीति और व्यापक संघर्ष
रूस ने कीव में महत्वपूर्ण पुलों पर हमले तेज कर दिए हैं और यूक्रेनी राजधानी को निशाना बनाते हुए दिन के समय ड्रोन हमले किए हैं। यह एक नई रणनीति है, जिसके कारण शहर में भारी अव्यवस्था और यातायात जाम की स्थिति उत्पन्न हो रही है। इस बढ़ते संघर्ष के बीच काला सागर में व्यावसायिक जहाजरानी के लिए जोखिम लगातार बढ़ रहा है।
आगे की स्थिति
टैंकर में लगी इस आग ने काला सागर में व्यावसायिक जहाजरानी के समक्ष मौजूद खतरों को फिर से रेखांकित किया है। विशेषज्ञों के अनुसार जब तक रूस-यूक्रेन संघर्ष जारी रहेगा, इस क्षेत्र से गुजरने वाले जहाजों को गंभीर सुरक्षा जोखिमों का सामना करना पड़ेगा। भारत सरकार की ओर से अभी तक इस घटना पर कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।