अमेरिकी सहायक विदेश मंत्री पॉल कपूर की नेपाल यात्रा: राजनीतिक एवं व्यापारिक नेताओं से मुलाकात
सारांश
Key Takeaways
- पॉल कपूर की नेपाल यात्रा नई सरकार के गठन के बाद की पहली है।
- अमेरिका-नेपाल संबंधों को मजबूत करने पर चर्चा की जा रही है।
- आईसीटी क्षेत्र में निवेश के अवसरों पर ध्यान केंद्रित किया गया।
- नेपाल में डिजिटल ढांचे को मजबूत करने की आवश्यकता पर जोर दिया गया।
काठमांडू, 20 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। दक्षिण और मध्य एशिया के लिए अमेरिकी सहायक विदेश मंत्री पॉल कपूर ने सोमवार को काठमांडू में कदम रखा और नेपाल के राजनीतिक एवं व्यापारिक नेताओं के साथ अपनी बैठकें आरंभ की हैं।
यह यात्रा नेपाल में नई सरकार के गठन के बाद किसी वरिष्ठ अमेरिकी अधिकारी की पहली यात्रा है। 5 मार्च को हुए चुनावों के बाद 27 मार्च को प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह के नेतृत्व में नई सरकार बनी थी।
अपने पहले ही दिन पॉल कपूर ने राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी (आरएसपी) के अध्यक्ष रवि लामिछाने से भेंट की। अमेरिकी विदेश विभाग के दक्षिण और मध्य एशिया ब्यूरो ने एक्स पर जानकारी दी कि इस बैठक में नई सरकार की प्राथमिकताओं और अमेरिका-नेपाल सहयोग के क्षेत्रों पर चर्चा की गई।
नेपाल में सत्तारूढ़ आरएसपी प्रतिनिधि सभा में लगभग दो-तिहाई बहुमत के साथ सबसे बड़ी पार्टी है और इसके वरिष्ठ नेता बालेंद्र शाह सरकार का नेतृत्व कर रहे हैं। हालांकि, लामिछाने और कपूर के बीच बातचीत के मुद्दों पर पार्टी ने कोई आधिकारिक जानकारी साझा नहीं की है।
अमेरिकी अधिकारी ने नेपाल के सूचना और संचार प्रौद्योगिकी (आईसीटी) क्षेत्र के कई कारोबारियों से भी मुलाकात की। इस दौरान नेपाल में अमेरिकी निवेश के अवसर बढ़ाने, डिजिटल ढांचे को सशक्त बनाने, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के उपयोग, साइबर सुरक्षा और तकनीकी सहयोग जैसे मुद्दों पर चर्चा की गई।
अमेरिका नेपाल के डिजिटल ढांचे में बढ़ती रुचि दिखा रहा है और चीन की 5जी तकनीक को अपनाने को लेकर चिंता भी व्यक्त कर चुका है। वर्तमान में, नेपाल के दूरसंचार नेटवर्क में 4जी उपकरणों की आपूर्ति मुख्य रूप से चीनी कंपनी हुआवेई ने की है, और देश में 5जी सेवा अभी तक शुरू नहीं हुई है।
नेपाल में अमेरिकी दूतावास के अनुसार, पॉल कपूर अपने दौरे के दौरान वरिष्ठ सरकारी अधिकारियों, उद्योग जगत के प्रतिनिधियों और सांस्कृतिक विशेषज्ञों से भी मुलाकात करेंगे ताकि अमेरिका-नेपाल संबंधों को और मजबूत किया जा सके।