वू यिजे ने शनचन ओपन 2026 जीता, विश्व स्नूकर रैंकिंग के शीर्ष दो पर चीन का कब्जा
सारांश
मुख्य बातें
चीनी स्नूकर खिलाड़ी वू यिजे ने 4 अक्टूबर 2026 को 2026 विश्व स्नूकर शनचन ओपन के फाइनल में हमवतन युआन सिच्युन को 10-5 से हराकर खिताब अपने नाम किया और विश्व रैंकिंग में दूसरे स्थान पर पहुँच गए। यह पहली बार है जब विश्व स्नूकर रैंकिंग के शीर्ष दो स्थान एक साथ चीनी खिलाड़ियों के पास हैं — पहले स्थान पर पहले से काबिज चाओ शिनथोंग के बाद वू यिजे दूसरे नंबर पर आ गए हैं।
फाइनल का घटनाक्रम
शनचन ओपन का फाइनल पूरी तरह चीनी खिलाड़ियों के बीच रहा। पहले सत्र में मुकाबला बेहद करीबी रहा और वू यिजे ने 5-4 की मामूली बढ़त बनाई। दूसरे सत्र में वू यिजे ने अपना खेल और धारदार किया और निर्णायक अंदाज़ में मैच 10-5 से अपने नाम कर लिया।
यह जीत युआन सिच्युन के लिए किसी रैंकिंग टूर्नामेंट का पहला फाइनल था, जिसे उन्होंने सेमीफाइनल में जिमी रॉबर्टसन को कड़े संघर्ष में 6-5 से हराकर हासिल किया था।
सेमीफाइनल में चीनी दबदबा
दोनों सेमीफाइनल में चीनी खिलाड़ियों का प्रदर्शन दमदार रहा। वू यिजे ने दुनिया के जाने-माने खिलाड़ी जुड ट्रम्प को आसानी से 6-1 से मात दी। वहीं युआन सिच्युन ने जिमी रॉबर्टसन को 6-5 के रोमांचक मुकाबले में परास्त कर फाइनल में प्रवेश किया।
टूर्नामेंट का महत्व और पुरस्कार राशि
2026 विश्व स्नूकर शनचन ओपन, वर्ल्ड स्नूकर टूर (WST) के अंतर्गत एक प्रतिष्ठित पेशेवर रैंकिंग टूर्नामेंट है। इस टूर्नामेंट की कुल पुरस्कार राशि 8,50,000 पाउंड निर्धारित है, जिसमें विजेता को 1,77,000 पाउंड मिले। इस जीत के साथ वू यिजे की रियल-टाइम विश्व रैंकिंग में उल्लेखनीय सुधार हुआ है।
ऐतिहासिक उपलब्धि — चीन का शीर्ष पर दोहरा कब्जा
गौरतलब है कि चाओ शिनथोंग पहले से ही विश्व रैंकिंग में शीर्ष पर थे, और अब वू यिजे के दूसरे स्थान पर आने से यह पहली बार हुआ है जब स्नूकर की वैश्विक रैंकिंग के शीर्ष दो पदों पर एक ही देश — चीन — का एकछत्र राज है। यह उपलब्धि इस खेल में चीन के तेज़ी से बढ़ते वर्चस्व को रेखांकित करती है, जो परंपरागत रूप से ब्रिटेन और आयरलैंड के खिलाड़ियों का गढ़ माना जाता रहा है।
यह ऐसे समय में आया है जब चीन पिछले कुछ वर्षों से स्नूकर में निरंतर निवेश कर रहा है — घरेलू स्तर पर टूर्नामेंट आयोजित करना और युवा प्रतिभाओं को पेशेवर सर्किट में उतारना इसी रणनीति का हिस्सा है। आने वाले सत्र में अन्य प्रमुख रैंकिंग आयोजनों पर सभी की नज़रें टिकी रहेंगी।