क्या आबकारी राजस्व में उछाल और अवैध शराब पर सख्त प्रहार हो रहा है?
सारांश
Key Takeaways
- 39,695.73 करोड़ रुपए का राजस्व अर्जित किया गया।
- 91.46 प्रतिशत राजस्व लक्ष्य प्राप्त हुआ।
- अवैध शराब के खिलाफ 9,679 अभियोग दर्ज किए गए।
- सख्त प्रवर्तन नीति के परिणामस्वरूप 1,754 आरोपियों की गिरफ्तारी हुई।
- सरकार का उद्देश्य राजस्व वृद्धि और अवैध शराब नेटवर्क का नाश करना है।
लखनऊ, 5 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। उत्तर प्रदेश में आबकारी विभाग की कड़ी प्रवर्तन नीति का असर स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। वित्तीय वर्ष 2025-26 में दिसंबर तक प्रदेश ने आबकारी राजस्व में महत्वपूर्ण वृद्धि का अनुभव किया है, जिसने न केवल पिछले वर्ष का रिकॉर्ड तोड़ा, बल्कि अवैध शराब और मादक द्रव्यों के खिलाफ एक व्यापक अभियान के तहत तस्करों पर भी सख्त प्रहार किया है।
उत्तर प्रदेश के आबकारी एवं मद्यनिषेध राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) नितिन अग्रवाल ने जानकारी दी है कि वित्तीय वर्ष 2025-26 में दिसंबर तक प्रदेश को कुल 39,695.73 करोड़ रुपए का राजस्व प्राप्त हुआ है। यह पिछले वित्तीय वर्ष 2024-25 में दिसंबर तक की 34,544.09 करोड़ रुपए की तुलना में 14.91 प्रतिशत की वृद्धि दर्शाता है, जो राशि के रूप में 5,151.64 करोड़ रुपए का अंतर है।
उन्होंने बताया कि दिसंबर 2025 के लिए प्रदेश का राजस्व लक्ष्य 43,400 करोड़ रुपए निर्धारित किया गया था, जिसके सापेक्ष 91.46 प्रतिशत राजस्व अर्जित किया गया है। केवल दिसंबर में 4,551.62 करोड़ रुपए की आय हुई, जो दिसंबर 2024 में प्राप्त 4,141.75 करोड़ रुपए की तुलना में 9.90 प्रतिशत अर्थात 409.87 करोड़ रुपए अधिक है।
आबकारी मंत्री ने बताया कि अवैध शराब के निर्माण, बिक्री और तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे प्रवर्तन अभियानों में भी असाधारण सफलता प्राप्त हुई है। दिसंबर 2025 में प्रदेशभर में 9,679 अभियोग दर्ज किए गए और 2.43 लाख लीटर अवैध मदिरा व मादक द्रव्यों को जब्त किया गया। इस दौरान 1,754 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें से 313 को जेल भेजा गया, जबकि 18 वाहन जब्त किए गए।
मंत्री ने बताया कि 24 दिसंबर 2025 से 5 जनवरी 2026 तक चलाए जा रहे विशेष प्रवर्तन अभियान के तहत अब तक 2,871 अभियोग दर्ज किए जा चुके हैं और 59,823 लीटर अवैध मदिरा व मादक द्रव्यों की बरामदगी की गई है। अभियान के दौरान 515 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया, 95 को जेल भेजा गया और तस्करी में प्रयुक्त 2 वाहनों को जब्त किया गया।
अग्रवाल ने कहा कि सरकार का उद्देश्य राजस्व बढ़ाना और अवैध शराब के नेटवर्क को पूरी तरह से समाप्त करना है, और इसके लिए ऐसे सख्त अभियान आगे भी जारी रहेंगे।