14 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

5 मई के बाद बंगाल में आएगा परिवर्तन, घुसपैठियों और सिन्डिकेट पर होगा सख्त नियंत्रण: अमित शाह

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
5 मई के बाद बंगाल में आएगा परिवर्तन, घुसपैठियों और सिन्डिकेट पर होगा सख्त नियंत्रण: अमित शाह

सारांश

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पश्चिम मेदिनीपुर में जनसभा में ममता बनर्जी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने 23 अप्रैल को मतदान करने की अपील की और बंगाल में भाजपा की प्राथमिकताएं साझा की।

मुख्य बातें

घुसपैठियों को बंगाल से बाहर निकालने की भाजपा की योजना।
सिन्डिकेट पर नियंत्रण का वादा।
23 अप्रैल को मतदान करने की अपील।
बेरोजगारी के खिलाफ 3 हजार रुपए हर युवक को देने का वादा।
घाटाल मास्टर प्लान को लागू करने की योजना।

मेदिनीपुर, 10 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। पश्चिम बंगाल के पश्चिम मेदिनीपुर के देबरा में शुक्रवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने एक जनसभा को संबोधित किया। इस अवसर पर उन्होंने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर तीखा हमला किया। उन्होंने उपस्थित लोगों से कहा कि 23 अप्रैल को मतदान करें और कमल के निशान का बटन दबाएं।

अमित शाह ने कहा कि ममता बनर्जी ‘मां, माटी और मानुष’ के नारे के साथ सत्ता में आईं, लेकिन उन्होंने हमारे युवाओं को बेरोजगार छोड़ दिया है, महिलाओं पर अत्याचार किए हैं और किसानों का जीवन कठिन बना दिया है। प्रशासन की रिश्वतखोरी और गिरोह संचालन के कारण पूरा बंगाल पीड़ित है। ममता बनर्जी ने हमारे युवाओं को बेरोजगार किया, लाठियां भांजी, बहनों पर अत्याचार किया और किसानों को परेशान किया है। अब आपको इस कटमनी और सिन्डिकेट से मुक्ति पानी है और घुसपैठिया मुक्त बंगाल बनाना है।

उन्होंने कहा कि भाजपा बंगाल को घुसपैठियों से मुक्त करना चाहती है, लेकिन ममता बनर्जी इन्हें संजो कर रखना चाहती हैं। ममता दीदी, जितना जोर लगाना है, लगा दो, हम एक-एक घुसपैठिये को चुन-चुनकर बंगाल से बाहर निकालेंगे। ये घुसपैठिये हमारे युवाओं की नौकरी खा रहे हैं और गरीबों का चावल हजम कर रहे हैं। ममता बनर्जी नहीं चाहतीं कि बंगाल से घुसपैठिये जाएं। लेकिन मैं आज कहता हूं कि चुनाव के बाद भाजपा पूरे बंगाल से एक-एक घुसपैठिये को बाहर निकालेगी।

अमित शाह ने कहा कि सिन्डिकेट सभी को परेशान करता है। सीमेंट, बालू या पंखा खरीदना हो, हर जगह सिन्डिकेट है। एक बार कमल के फूल का बटन दबा दीजिए, भाजपा इस पूरे सिन्डिकेट को गंगा में डालने का काम करेगी। मैं ममता बनर्जी की ओर से अत्याचार कर रहे गुंडों को चेतावनी देता हूं कि 5 मई के बाद वे कहां जाएंगे, यह तय कर लें, क्योंकि भाजपा की सरकार आने वाली है। जो 5 तारीख के बाद यहां जनता को परेशान करेगा, उसे जेल की सलाखों में डालने का काम हम करेंगे।

उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार, कटमनी और मोदी जी की सरकार का विरोध, इन तीनों ने यहां जनता को परेशान किया है। बेरोजगारी युवाओं को परेशान कर रही है, लेकिन चिंता न करें। 5 मई के बाद भाजपा हर बेरोजगार युवा को हर महीने 3 हजार रुपए देगी। हर बहन को भी उनके बैंक खाते में 3 हजार रुपए मिलेंगे। यहां के किसानों को एक साल में 9 हजार रुपए देने का काम भाजपा करेगी। जब घाटाल में बाढ़ आई, तो प्रधानमंत्री मोदी ने इस समस्या के समाधान के लिए 1,500 करोड़ रुपए का एक व्यापक मास्टर प्लान प्रस्तावित किया, लेकिन टीएमसी सरकार ने इसे अस्वीकार कर दिया। यदि आप भाजपा सरकार को चुनते हैं, तो हम घाटाल मास्टर प्लान को एक वर्ष के भीतर लागू करेंगे।

उन्होंने रूपनारायण नदी में जमा हो रही गाद का मुद्दा भी उठाया और कहा कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी अपने भतीजे को बंगाल का अगला मुख्यमंत्री बनाने की राह तैयार कर रही हैं। उनका आरोप है कि भाजपा सरकार के तहत बंगाल का शासन दिल्ली से चलेगा। मैं आपको आश्वस्त करता हूं कि बंगाल का अगला मुख्यमंत्री भाजपा का कार्यकर्ता होगा, जिसका जन्म और पालन-पोषण यहीं हुआ है। भाजपा सरकार बनते ही हम यहां यूसीसी लाएंगे। पूरे बंगाल में किसी को भी 4 शादी करने की अनुमति नहीं होगी। ममता बनर्जी का एक ही उद्देश्य है, अपने भतीजे को मुख्यमंत्री बनाना। जबकि मोदी जी का उद्देश्य है बंगाल के युवाओं को नौकरी और रोजगार देना। बंगाल पर 8 लाख करोड़ रुपए का कर्ज है, लेकिन ममता दीदी को इसकी कोई परवाह नहीं है। उनका ध्यान वंचितों के लिए स्कूल बनाने के बजाय मदरसों के निर्माण पर केंद्रित है। उन्होंने मदरसों के लिए विशेष रूप से 5,000 करोड़ रुपए का बजट आवंटित किया है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अमित शाह ने किस मुद्दे पर बात की?
अमित शाह ने घुसपैठियों और सिन्डिकेट पर नियंत्रण की बात की और ममता बनर्जी पर तीखा हमला किया।
भाजपा किस योजना की घोषणा कर रही है?
भाजपा ने हर बेरोजगार युवा को 3 हजार रुपए और किसानों को 9 हजार रुपए देने की योजना की घोषणा की है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 महीने पहले
  2. 2 महीने पहले
  3. 2 महीने पहले
  4. 3 महीने पहले
  5. 3 महीने पहले
  6. 3 महीने पहले
  7. 6 महीने पहले
  8. 6 महीने पहले