अमृतसर के चीते कलां गांव में गोलियां मारकर तीरथ सिंह की हत्या, पुलिस ने दर्ज किया मामला
सारांश
मुख्य बातें
पंजाब के अमृतसर जिले के चीते कलां गांव में 27 अक्टूबर 2026 को एक युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई। मृतक की पहचान तीरथ सिंह के रूप में हुई है, जो कथित तौर पर गुरुद्वारा साहिब में माथा टेकने जा रहा था, जब हमलावरों ने उस पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मुख्य घटनाक्रम
परिजनों के बयान के अनुसार, तीरथ सिंह रोज़ाना की तरह गुरुद्वारा साहिब में श्री गुरु ग्रंथ साहिब के समक्ष माथा टेकने जा रहे थे। रास्ते में तीन से चार अज्ञात हमलावर पहले से घात लगाए बैठे थे। इन हमलावरों ने युवक को घेरकर अचानक गोलियां चला दीं, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया और बाद में उसकी मौत हो गई। वारदात को अंजाम देने के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए।
घटना के बाद चीते कलां गांव में दहशत का माहौल है। मृतक के परिजनों में गहरा शोक है, जबकि स्थानीय ग्रामीणों में पुलिस प्रशासन के प्रति रोष व्याप्त है।
पुलिस जांच की स्थिति
सूचना मिलने पर पहुंची अमृतसर पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना किया और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हमलावरों की पहचान स्थापित करने के लिए पुलिस घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। इसके साथ ही क्षेत्र में भी सक्रिय रूप से जानकारी जुटाई जा रही है।
हत्या की संभावित वजह
परिजनों ने आशंका जताई है कि इस वारदात के पीछे पुरानी रंजिश या आपसी विवाद हो सकता है। हालांकि, अधिकारियों के अनुसार हत्या के पीछे की असली वजह अभी स्पष्ट नहीं हो पाई है और जांच पूरी होने के बाद ही सटीक कारण सामने आ सकेगा। फिलहाल पुलिस किसी भी संभावना को नकार नहीं रही है।
स्थानीय समुदाय की मांग
घटना से नाराज़ स्थानीय ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन से आरोपियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार करने और उनके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। परिजनों और ग्रामीणों का कहना है कि ऐसी वारदातों पर लगाम लगाने के लिए दोषियों को सख्त सज़ा मिलनी चाहिए। यह घटना ऐसे समय में आई है जब पंजाब में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पहले से ही सवाल उठाए जाते रहे हैं।
आगे की स्थिति
पुलिस आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए सघन जांच में जुटी है। सीसीटीवी फुटेज और गवाहों के बयानों के आधार पर जल्द ही ठोस सुराग मिलने की उम्मीद है। मामले में आगे की कार्रवाई जांच के नतीजों पर निर्भर करेगी।