नंदीग्राम उपचुनाव: भाजपा अध्यक्ष समिक भट्टाचार्य का दावा — पिछली बार से 5 गुना ज़्यादा मार्जिन से जीत
सारांश
मुख्य बातें
पश्चिम बंगाल की नंदीग्राम और रेजीनगर विधानसभा सीटों पर 6 अक्टूबर 2026 (मंगलवार) को उपचुनाव के लिए मतदान जारी है। मतदान के बीच बंगाल भाजपा अध्यक्ष समिक भट्टाचार्य ने नंदीग्राम में भारतीय जनता पार्टी (BJP) की बड़ी जीत का दावा करते हुए कहा कि इस बार पार्टी पिछले चुनाव के मुकाबले पाँच गुना अधिक मार्जिन से सीट जीतेगी।
भट्टाचार्य का दावा और रेजीनगर पर बयान
पत्रकारों से बातचीत में समिक भट्टाचार्य ने कहा, 'इस बार, हम नंदीग्राम में पिछले मार्जिन से पाँच गुना ज़्यादा मार्जिन से जीत रहे हैं।' रेजीनगर के बारे में उन्होंने कहा कि अल्पसंख्यक मतदाताओं के बारे में बनी धारणा को भी इस बार के नतीजे बदल देंगे। भट्टाचार्य ने जोड़ा कि 'भाजपा कार्यकर्ता वहाँ भी पार्टी की जीत पक्की करेंगे।'
एसआईआर विवाद और विपक्ष पर तीखा प्रहार
विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) विवाद को लेकर सीजेपी और विपक्षी दलों के विरोध पर भट्टाचार्य ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि 'भारत के आम लोगों को इन सब के बारे में सोचने में कोई दिलचस्पी नहीं है।' उन्होंने भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (INC) को 'परजीवी पार्टी' बताते हुए आरोप लगाया कि वह 'पिछले दरवाजे से राजनीति' कर रही है।
विपक्षी दल का धाँधली का आरोप
एजेयूपी के अध्यक्ष और विधायक हुमायूँ कबीर के पुत्र गुलाम नबी आज़ाद ने गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा, 'यहाँ दो महीने से हमारी पार्टी को टॉर्चर झेलना पड़ रहा है। पिछले 10 दिनों में पुलिस ने हद पार कर दी — घर-घर जाकर संपत्ति में तोड़फोड़ की और मुस्लिम बूथों पर लोगों को डराया-धमकाया।' उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि मतदाताओं को चेतावनी दी गई कि यदि वे वोट डालने गए तो बाद में उन्हें परिणाम भुगतने होंगे।
मतदाताओं को वापस भेजने का आरोप
गुलाम नबी आज़ाद ने मतदान प्रक्रिया पर भी सवाल उठाए। उनका दावा है कि पोलिंग बूथ पर पहुँचे मतदाताओं को यह कहकर वापस भेजा जा रहा है कि 'उनका वोट पहले ही हो चुका है।' उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि चुनाव एजेंटों को बूथ के अंदर प्रवेश नहीं करने दिया जा रहा। यह ऐसे समय में आया है जब पश्चिम बंगाल के उपचुनावों में मतदान संबंधी शिकायतें पहले भी सामने आती रही हैं। गौरतलब है कि नंदीग्राम सीट राजनीतिक रूप से अत्यंत संवेदनशील रही है — यह वही क्षेत्र है जहाँ 2021 में हुए विधानसभा चुनाव में सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (TMC) और BJP के बीच कड़ा मुकाबला देखा गया था।
आगे का परिदृश्य
मतदान संपन्न होने के बाद परिणाम यह तय करेंगे कि क्या TMC अपनी पकड़ बरकरार रख पाती है या BJP दोनों सीटों पर पैठ बना पाती है। इन उपचुनावों के नतीजे 2026 के शेष राजनीतिक परिदृश्य को प्रभावित कर सकते हैं और राज्य में विपक्ष की ताकत का एक अहम संकेतक होंगे।