नंदीग्राम BJP की पक्की सीट, रेजीनगर में भी बदलाव संभव: दिलीप घोष का बड़ा दावा
सारांश
मुख्य बातें
पश्चिम बंगाल के नंदीग्राम और रेजीनगर विधानसभा सीटों पर 6 अक्टूबर 2026 को उपचुनाव का मतदान जारी है। इसी बीच पश्चिम बंगाल सरकार के मंत्री दिलीप घोष ने दोनों सीटों पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) की जीत का दावा करते हुए कहा कि अल्पसंख्यक मतदाताओं का रुझान पार्टी की ओर बदल रहा है।
मुख्य दावे और चुनावी आकलन
दिलीप घोष ने कहा, 'नंदीग्राम पहले से ही BJP की जीती हुई सीट है और वहाँ हमारा मार्जिन बढ़ेगा। पहली बार रेजीनगर में भी बदलाव हो सकता है।' उन्होंने यह भी कहा कि बंगाल में जो प्रवृत्ति रही है कि अल्पसंख्यक वोट BJP को नहीं जाता था, वह बदल रही है।
घोष के अनुसार, मौजूदा केंद्र और राज्य सरकार की नीतियों से अल्पसंख्यक समुदाय को सुरक्षा और विकास का लाभ मिला है, जिससे वे भी BJP की ओर आकर्षित हो रहे हैं। उन्होंने कहा, 'उन्हें सुरक्षा मिली है, उनके अधिकार सुरक्षित हैं — वे विकास के साथ जाना चाहते हैं।'
विपक्षी इंडिया ब्लॉक पर तीखा हमला
विपक्षी इंडिया ब्लॉक पर निशाना साधते हुए दिलीप घोष ने कहा कि जिस तरह भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) और आम आदमी पार्टी (AAP) का वजूद धीरे-धीरे खत्म हुआ, उसी तरह इंडिया ब्लॉक की राजनीति भी जनाधार खो रही है। उन्होंने विपक्ष पर 'झूठ, धोखा, भ्रष्टाचार और आतंक' फैलाने का आरोप लगाया।
घोष ने कहा कि जनता विकास, शांति और देश की तरक्की चाहती है और इसीलिए वह ऐसी राजनीति को नकार रही है।
सेवा संकल्प अभियान और PM मोदी का विज़न
दिलीप घोष ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 17 सितंबर को जन्मदिन के अवसर पर शुरू हुए सेवा संकल्प अभियान के तहत केंद्र और राज्य सरकारें अपनी उपलब्धियाँ जनता तक पहुँचा रही हैं। बंगाल में यह अभियान 7 अक्टूबर तक चलेगा, क्योंकि इसके बाद दुर्गा पूजा शुरू हो जाती है, जबकि देश के बाकी हिस्सों में यह 17 अक्टूबर तक जारी रहेगा।
उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी विश्व के प्रसिद्ध नेता हैं और उनका लक्ष्य 2047 तक विकसित भारत बनाना है। घोष ने दावा किया कि दुनिया के कई देश ऐसे नेतृत्व की चाहत रखते हैं।
SIR विवाद पर प्रतिक्रिया
विशेष जाँच दल (SIR) के मुद्दे पर दिलीप घोष ने कहा कि मामला सर्वोच्च न्यायालय में विचाराधीन है और पहले के फैसले के आधार पर ही काम हो रहा है। उन्होंने विपक्ष के सवालों को निराधार बताते हुए कहा कि जो हारते हैं, उन्हें बहाने की ज़रूरत होती है।
आगे क्या
नंदीग्राम और रेजीनगर के उपचुनाव परिणाम यह तय करेंगे कि पश्चिम बंगाल में BJP का दावा कितना ठोस है। अल्पसंख्यक मतों का रुझान और सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (TMC) की ज़मीनी पकड़ — दोनों मिलकर इस नतीजे का रूप तय करेंगे।