बेंगलुरु में पार्ट-टाइम काम करने वाली छात्रा से दुष्कर्म, मडीवाला पुलिस जांच में जुटी
सारांश
मुख्य बातें
बेंगलुरु के मडीवाला पुलिस स्टेशन क्षेत्र में एक पार्ट-टाइम काम करने वाली कॉलेज छात्रा के साथ कथित तौर पर उसके कार्यस्थल पर ही दुष्कर्म की घटना सामने आई है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह मामला बुधवार, 21 मई को दर्ज किया गया, जबकि पीड़िता का आरोप है कि यह घटना 11 मई को घटित हुई थी। पुलिस ने पुष्टि की है कि जांच जारी है।
मुख्य घटनाक्रम
पीड़िता एक मोमोज की दुकान पर पार्ट-टाइम काम करती थी। उसने पुलिस को बताया कि दुकान के मालिकों — अतुल और घोष — के एक परिचित, जिसका नाम हाइनैश बताया जा रहा है, ने उसके साथ यह अपराध किया। पीड़िता के बयान के अनुसार, घटना के वक्त अतुल और घोष रात का खाना खाने बाहर गए हुए थे, और आधी रात के आस-पास आरोपी ने यह कृत्य किया।
पुलिस के मुताबिक, हाइनैश एक बिचौलिए के रूप में काम करता था और दुकान मालिकों को उनकी मोमोज की दुकान बेचने में सहायता कर रहा था — इसी सिलसिले में वह दुकान पर आता-जाता था।
धमकी और पुलिस निष्क्रियता के आरोप
पीड़िता ने आरोप लगाया है कि आरोपी ने उसे पुलिस में शिकायत दर्ज कराने से रोकने के लिए धमकी दी। इसके अतिरिक्त, उसने यह भी दावा किया कि शिकायत दर्ज कराने के बावजूद संबंधित पुलिस ने शुरुआत में कोई कार्रवाई नहीं की। पीड़िता ने इस मामले में तीन लोगों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है।
बेंगलुरु में यौन अपराध के अन्य मामले
यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब बेंगलुरु में यौन अपराध के कई गंभीर मामले उजागर हुए हैं। हाल ही में बेंगलुरु दक्षिण में पुलिस ने दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया था, जिन पर 11 और 12 वर्ष की दो अनाथ लड़कियों का एक साल से अधिक समय तक यौन शोषण करने का आरोप है। आरोपियों ने कथित तौर पर इन घटनाओं को रिकॉर्ड कर सोशल मीडिया पर अपलोड किया था। उन्हें नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल पर मिली सूचना के आधार पर पकड़ा गया।
एक अन्य मामले में, बेंगलुरु के जक्कूर स्थित एक निजी विला में 19 वर्षीय कॉलेज छात्रा के साथ कथित तौर पर नशीला पदार्थ खिलाकर सामूहिक दुष्कर्म के आरोप में पाँच लोगों को गिरफ्तार किया गया। पीड़िता बीए प्रथम वर्ष की छात्रा है और मूल रूप से तमिलनाडु के तिरुपुर की निवासी है, जो पिछले पाँच महीनों से पढ़ाई के लिए बेंगलुरु में रह रही थी। उसके अनुसार, पार्टी के दौरान आरोपियों ने उसे जबरदस्ती एक गुलाबी रंग की गोली खिलाई, जिसके बाद वह चक्कर खाकर बेहोश हो गई। होश आने पर उसने खुद को विला के एक कमरे में बंद पाया। इस मामले में शुरुआती शिकायत में जबरन वसूली और हनी ट्रैप के भी आरोप लगाए गए थे।
विशेषज्ञ क्या कहते हैं
गौरतलब है कि बेंगलुरु में कार्यस्थल और सामाजिक परिवेश में महिलाओं के विरुद्ध अपराध की बढ़ती घटनाएँ महिला सुरक्षा नीतियों की प्रभावशीलता पर गंभीर सवाल खड़े करती हैं। महिला अधिकार संगठनों का कहना है कि पार्ट-टाइम काम करने वाली युवा महिलाएँ, जो अपरिचित परिवेश में काम करती हैं, विशेष रूप से कमज़ोर स्थिति में होती हैं।
आगे क्या
मडीवाला पुलिस मामले की जांच कर रही है। आरोपी हाइनैश की गिरफ्तारी और तीनों नामित व्यक्तियों के विरुद्ध आगे की कार्रवाई पर पुलिस का कोई आधिकारिक बयान अभी तक सामने नहीं आया है। इस मामले में न्यायिक प्रक्रिया आगे बढ़ने के साथ स्थिति और स्पष्ट होने की उम्मीद है।