पीएम मोदी के बंगाल दौरे से पहले भाजपा का 'स्वच्छता से स्वागत' अभियान; अग्निमित्रा पॉल ने टीएमसी नेताओं की संपत्ति जांच की मांग की
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पश्चिम बंगाल दौरे से पहले राज्यभर में छह दिवसीय 'स्वच्छता से स्वागत' अभियान शुरू किया है। पश्चिम बंगाल सरकार में मंत्री अग्निमित्रा पॉल ने 18 जून को कोलकाता में जानकारी दी कि पीएम मोदी 20 जून को तारकेश्वर में पश्चिम बंगाल दिवस कार्यक्रम में भाग लेंगे और 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर कोलकाता के रेड रोड पर विशेष आयोजन होगा।
अभियान की मुख्य पहल
अग्निमित्रा पॉल ने बताया कि 'स्वच्छता से स्वागत' अभियान केवल प्रतीकात्मक नहीं है — इसके तहत ठोस बुनियादी ढाँचागत कदम भी उठाए जा रहे हैं। जहाँ आवश्यकता होगी, वहाँ सुलभ शौचालय परिसर बनाए जाएंगे। शहरी क्षेत्रों में जिन परिवारों के पास भूमि या मकान तो है, लेकिन शौचालय नहीं, उन्हें निर्माण में सहायता दी जाएगी। भीड़भाड़ वाले इलाकों में सार्वजनिक शौचालय स्थापित किए जाएंगे।
पॉल ने कहा, 'सोनार बंगला का सपना तब तक पूरा नहीं हो सकता, जब तक बंगाल स्वच्छ न हो।'
तकनीकी पहल: 'स्वच्छ ऐप'
अभियान के तहत एक 'स्वच्छ ऐप' भी लॉन्च की गई है, जिसे कोई भी अपने एंड्रॉयड फोन पर डाउनलोड कर सकता है। यदि कहीं गंदगी दिखे तो उसकी तस्वीर खींचकर ऐप पर अपलोड करनी होगी, और दो घंटे के भीतर सफाईकर्मी मौके पर पहुँचकर सफाई करेंगे — यह नागरिक भागीदारी का एक सीधा तंत्र है।
प्लास्टिक प्रदूषण पर कार्रवाई
पॉल ने प्लास्टिक प्रदूषण पर भी ध्यान केंद्रित किया। उन्होंने नागरिकों से मछली, मांस और अन्य सामान खरीदते समय कपड़े या जूट के बैग इस्तेमाल करने की अपील की। बाजारों में बैग वेंडिंग मशीनें लगाई जाएंगी, जहाँ ₹2, ₹5 या ₹10 में बैग खरीदे जा सकेंगे। साथ ही, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को पत्र लिखकर सिंगल-यूज़ प्लास्टिक बनाने वाली कंपनियों पर कार्रवाई की माँग की गई है — नियम उल्लंघन पर जुर्माना और कानूनी कार्रवाई का प्रावधान होगा।
टीएमसी और विपक्ष पर तीखा हमला
अग्निमित्रा पॉल ने तृणमूल कांग्रेस (TMC) के कई नेताओं पर सीधा निशाना साधा। उन्होंने कहा कि उदयन गुहा, शौकत मोल्ला, स्वरूप बिस्वास, अरूप बिस्वास, सुजीत बोस और जहाँगीर खान जैसे नेताओं को यह नहीं सोचना चाहिए कि नेपाल, पुरी या किसी अन्य जगह जाकर वे बच सकते हैं — केवल इस्तीफा देने या छिप जाने से राहत नहीं मिलेगी।
उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और राज्य सरकार से माँग की कि उन सभी मंत्रियों और नेताओं की संपत्तियों की जाँच कराई जाए, जिनकी संपत्ति पिछले 15 वर्षों में 100 से 200 गुना तक बढ़ी है। पॉल ने सवाल उठाया कि ऐसा कौन-सा आर्थिक मॉडल अपनाया गया जिसने कुछ नेताओं को इतना समृद्ध बनाया।
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी पर भी पॉल ने हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि गांधी ने समय-समय पर कई आरोप लगाए, लेकिन हर बार वे गलत साबित हुए, जिससे उनकी विश्वसनीयता जनता के बीच कमज़ोर हुई है। TMC की वैचारिक स्थिति पर भी पॉल ने कहा कि पार्टी के पास कोई ठोस वैचारिक आधार नहीं है, इसीलिए उसे लगातार चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।
आगे क्या
पीएम मोदी का 20-21 जून का बंगाल दौरा राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण है — तारकेश्वर में पश्चिम बंगाल दिवस और रेड रोड पर योग दिवस, दोनों कार्यक्रम BJP के राज्य में संगठनात्मक विस्तार की कोशिश का हिस्सा हैं। 'स्वच्छता से स्वागत' अभियान इसी रणनीति की एक कड़ी है।