14 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

केंद्र ने राजस्थान के किसानों को मौसम से राहत देने के लिए गेहूं खरीद नियमों में दी छूट

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
केंद्र ने राजस्थान के किसानों को मौसम से राहत देने के लिए गेहूं खरीद नियमों में दी छूट

सारांश

केंद्र सरकार ने राजस्थान में बेमौसम बारिश से प्रभावित किसानों के लिए गेहूं खरीद नियमों में छूट दी है। यह कदम किसानों की आर्थिक सुरक्षा के लिए उठाया गया है, जिससे उन्हें फसल नुकसान के बावजूद राहत मिलेगी।

मुख्य बातें

राजस्थान में गेहूं खरीद नियमों में छूट दी गई है।
बेमौसम बारिश से प्रभावित किसानों को राहत मिलेगी।
गुणवत्ता मानकों में ढील दी गई है।
सरकार ने किसानों के हितों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी है।
खरीद प्रक्रिया को सुचारू बनाने के लिए निर्देश जारी किए गए हैं।

जयपुर, 9 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि के कारण प्रभावित किसानों को राहत प्रदान करते हुए केंद्र सरकार ने राजस्थान में चल रहे रबी सीजन के लिए गेहूं खरीद के नियमों में छूट दी है।

यह निर्णय लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की पहल के बाद लिया गया, जिन्होंने किसानों की समस्याओं को उजागर करते हुए केंद्रीय स्तर पर सुधारों की मांग की थी।

संशोधित नियमों का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि मौसमी नुकसान के कारण किसानों को आर्थिक हानि न उठानी पड़े। इस निर्णय से राज्यभर के किसानों, विशेषकर कोटा-बूंदी क्षेत्र के किसानों को बड़ा लाभ मिलने की उम्मीद है।

नई गाइडलाइंस के अनुसार, गेहूं में चमक की स्वीकार्यता सीमा बढ़ाकर 50 प्रतिशत कर दी गई है। इसी तरह, सिकुड़े और टूटे दानों की सीमा 15 प्रतिशत तक कर दी गई है। क्षतिग्रस्त और आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त दानों की संयुक्त सीमा अब 6 प्रतिशत तय की गई है। हाल की बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि के कारण फसल की गुणवत्ता में कमी को देखते हुए ये बदलाव किए गए हैं।

सरकार ने दोहराया है कि किसानों के हितों की रक्षा करना और न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर खरीद सुनिश्चित करना उसकी प्राथमिकता है। गुणवत्ता मानकों में ढील देकर केंद्र का उद्देश्य अधिक से अधिक खरीद करना है, ताकि किसानों को खुले बाजार में कम दाम पर अपनी उपज बेचने के लिए मजबूर न होना पड़े।

अधिकारियों को राज्यभर की मंडियों में खरीद प्रक्रिया को सुचारू रूप से संचालित करने के निर्देश दिए गए हैं। किसानों को किसी भी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए पर्याप्त इंतजाम किए जा रहे हैं और बढ़ती आवक को संभालने की तैयारी भी की जा रही है।

इस निर्णय से राजस्थान के लाखों किसानों को सीधे लाभ मिलने की उम्मीद है और कठिन कृषि मौसम के बीच उन्हें बड़ी राहत मिलेगी। साथ ही, यह कदम राज्य की कृषि अर्थव्यवस्था को स्थिर बनाए रखने में भी सहायक साबित होगा, क्योंकि प्रभावित फसल भी सरकारी खरीद प्रणाली के तहत स्वीकार की जा सकेगी।

खरीद प्रक्रिया में तेजी आने की संभावना के साथ, इसे किसानों की आजीविका सुरक्षित रखने के लिए समय पर उठाया गया महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

संपादकीय दृष्टिकोण

जो मौसम की प्रतिकूलताओं से जूझ रहे हैं। केंद्र सरकार की यह पहल न केवल किसानों की आर्थिक सुरक्षा को सुनिश्चित करने में सहायक होगी, बल्कि इससे राज्य की कृषि अर्थव्यवस्था को भी स्थिर बनाए रखने में मदद मिलेगी।
RashtraPress
14 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

केंद्र सरकार ने गेहूं खरीद नियमों में क्या बदलाव किया है?
केंद्र सरकार ने गेहूं में चमक की स्वीकार्यता सीमा को 50 प्रतिशत और सिकुड़े तथा टूटे दानों की सीमा को 15 प्रतिशत तक बढ़ा दिया है।
यह निर्णय किसके द्वारा लिया गया?
यह निर्णय लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की पहल पर लिया गया है।
राजस्थान के किसानों को इस निर्णय से क्या लाभ होगा?
इस निर्णय से राजस्थान के लाखों किसानों को सीधे लाभ मिलने की उम्मीद है, जिससे उन्हें फसल नुकसान के बावजूद राहत मिलेगी।
क्या सरकार ने किसानों के लिए कुछ अन्य व्यवस्था की है?
हाँ, सरकार ने मंडियों में खरीद प्रक्रिया को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए आवश्यक निर्देश दिए हैं।
किसानों की आजीविका सुरक्षित रखने के लिए क्या कदम उठाए गए हैं?
सरकार ने खरीद प्रक्रिया में तेजी लाने के लिए समय पर उठाए गए कदमों को महत्वपूर्ण माना है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 2 महीने पहले
  3. 2 महीने पहले
  4. 2 महीने पहले
  5. 3 महीने पहले
  6. 3 महीने पहले
  7. 3 महीने पहले
  8. 6 महीने पहले