क्या बिहार के सदाकत आश्रम में कांग्रेस नेताओं ने भाजपा को घेरा?

सारांश
Key Takeaways
- सदाकत आश्रम का इतिहास आजादी की लड़ाई से जुड़ा है।
- कांग्रेस की वोटर अधिकार यात्रा ने भाजपा को चिंतित किया है।
- राजेश कुमार और भक्त चरण दास ने भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
- जनता अपने संविधानिक अधिकारों के प्रति जागरूक हो रही है।
- भाजपा की रणनीतियों पर सवाल उठाए जा रहे हैं।
गोपालगंज, 29 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। पटना के सदाकत आश्रम से जुड़े विवाद के बीच कांग्रेस के नेताओं ने भाजपा पर तीखा हमला किया है। कांग्रेस के बिहार प्रदेश अध्यक्ष राजेश कुमार और ओडिशा प्रदेश कांग्रेस कमेटी (ओपीसीसी) के अध्यक्ष भक्त चरण दास ने भाजपा पर आरोप लगाया है कि वोटर अधिकार यात्रा की बढ़ती लोकप्रियता से घबरा कर भाजपा ने हमलों और साजिशों का सहारा लिया है।
राजेश कुमार ने राष्ट्र प्रेस से कहा, "पटना का सदाकत आश्रम केवल एक इमारत नहीं है, बल्कि यह आजादी की लड़ाई की पवित्र भूमि है। यहाँ हमारे स्वतंत्रता सेनानियों ने बापू के नेतृत्व में सत्य और अहिंसा का सहारा लेकर अंग्रेजों को खदेड़ा था। लेकिन आज, भाजपा की बौखलाहट यहाँ तक पहुँच गई है कि इस ऐतिहासिक स्थल पर हमला किया गया।"
उन्होंने भाजपा पर हमला करते हुए कहा, "हम हिंसा के विरोधी हैं। हम सत्य और अहिंसा के मार्ग पर चलने वाले लोग हैं। हम बापू और नेहरू के सिद्धांतों को मानने वाले हैं। लेकिन आज जो घटनाएँ हो रही हैं, वे इस बात का प्रमाण हैं कि भाजपा अब अपनी सत्ता खोने के डर से घबराई हुई है। ये वोट चोरी से चिंतित हैं।"
राजेश कुमार ने आगे कहा कि सोशल मीडिया पर पहले ही कुछ वीडियो वायरल हो चुके थे, जिनमें चेतावनी दी गई थी कि वोटर अधिकार यात्रा पर उग्रवादी हमला हो सकता है।
उन्होंने कहा, "मुझे यह नहीं पता था कि यह हमला भाजपा के दफ्तर से निकलेगा और सीधे मेरे सदाकत आश्रम पर होगा। लेकिन हम पीछे हटने वाले नहीं हैं। हमारी लड़ाई जारी रहेगी।"
इस बीच, ओडिशा कांग्रेस अध्यक्ष भक्त चरण दास ने भी भाजपा पर वोट चोरी के गंभीर आरोप लगाए।
उन्होंने कहा, "देश की जनता अब अपने संवैधानिक अधिकारों के प्रति जागरूक हो रही है। लोग समझ रहे हैं कि मोदी सरकार किसानों, बेरोजगारों और मजदूरों की अनदेखी क्यों कर रही है। इसका असली कारण यही वोट चोरी है। जब सरकारें वोट चोरी से सत्ता में आती हैं, तो उन्हें जनता की समस्याओं से कोई मतलब नहीं होता।"
उन्होंने राहुल गांधी की पहल की सराहना करते हुए कहा, "राहुल गांधी ने वोट चोरी को लेकर जो आवाज उठाई है, वह अब जन-जन तक पहुँच चुकी है। इस चुनाव में इसका असर दिखेगा।"
प्रधानमंत्री पर अभद्र टिप्पणी वाले वायरल वीडियो पर प्रतिक्रिया देते हुए भक्त चरण दास ने कहा, "राहुल गांधी या तेजस्वी यादव के किसी सभा में पीएम को गाली नहीं दी गई। जो व्यक्ति गाली दे रहा है, वह भाजपा के माइनोरिटी विंग से जुड़ा है। यह पूरी साजिश कांग्रेस की यात्रा को बदनाम करने के लिए की गई है। हम इसकी कड़ी निंदा करते हैं। इस तरह की गिरी हुई राजनीति सिर्फ भाजपा ही कर सकती है, हम नहीं।