क्या सर्दी में दालचीनी का सेवन करने से सेहत और लुक में निखार आता है?
सारांश
मुख्य बातें
नई दिल्ली, 27 अक्टूबर (राष्ट्र प्रेस)। भारतीय रसोई में मौजूद मसाले केवल स्वाद ही नहीं, बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी अत्यंत लाभकारी होते हैं और उनमें से एक महत्वपूर्ण मसाला है दालचीनी। भले ही यह एक छोटी सी लकड़ी की तरह दिखती है, इसके लाभ बहुत बड़े हैं। इसकी मीठी खुशबू न केवल भोजन का स्वाद बढ़ाती है, बल्कि कई बीमारियों से भी रक्षा करती है।
यदि आप सुबह खाली पेट आधा चम्मच दालचीनी पाउडर को गुनगुने पानी में मिलाकर पीते हैं, तो इससे वजन नियंत्रित रहता है, पाचन में सुधार होता है और शरीर में सूजन कम होती है। यह आपको दिनभर सक्रिय और ऊर्जावान बनाए रखता है।
दालचीनी में मौजूद पॉलीफेनोल्स इंसुलिन के कार्य को बेहतर बनाने में मदद करते हैं। प्रतिदिन एक चुटकी दालचीनी पाउडर को दही या ओट्स में मिलाकर खाने से ब्लड शुगर नियंत्रित रहता है। यह टाइप-2 डायबिटीज के रोगियों के लिए बहुत लाभकारी माना जाता है।
अगर आप अपनी सुबह की चाय या कॉफी में आधा चम्मच दालचीनी डालते हैं, तो इसका स्वाद और भी बढ़ जाता है। यह शरीर को गर्मी देती है, सूजन कम करती है और तनाव को घटाती है।
दालचीनी मेटाबॉलिज्म को तेज करती है और भूख को नियंत्रित रखती है। यदि आप गुनगुने पानी में थोड़ा नींबू, शहद और दालचीनी मिलाकर पीते हैं, तो फैट बर्निंग की प्रक्रिया तेज होती है और पेट की चर्बी कम करने में मदद मिलती है।
दालचीनी में एंटी-वायरल और एंटी-बैक्टीरियल गुण मौजूद होते हैं। इसे तुलसी और अदरक के साथ उबालकर पीने से गला ठीक होता है और खांसी-जुकाम से राहत मिलती है।
यदि आप शहद और दालचीनी पाउडर का पेस्ट चेहरे पर लगाते हैं, तो इससे मुंहासे और ब्लैकहेड्स कम होते हैं। वहीं, दालचीनी और नारियल तेल से मालिश करने पर बाल मजबूत और घने बनते हैं।
दालचीनी में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स कोलेस्ट्रॉल और ब्लड प्रेशर को नियंत्रित करते हैं, जिससे दिल की बीमारियों का खतरा कम होता है।
हालांकि, दालचीनी का सेवन सीमित मात्रा में ही करना चाहिए। अधिक सेवन से शरीर को नुकसान हो सकता है। थोड़ा-थोड़ा, लेकिन नियमित रूप से इसका उपयोग करने से आपको इसके लाभ स्पष्ट रूप से दिखाई देंगे।