दिल्ली में नशीले पदार्थों की तस्करी में दो गिरफ्तार, स्मैक और उपकरण जब्त
सारांश
Key Takeaways
- दिल्ली पुलिस ने नशीले पदार्थों की सप्लाई से जुड़े दो आरोपियों को गिरफ्तार किया।
- गिरफ्तारी के दौरान 28.46 ग्राम स्मैक और अन्य सामान बरामद किए गए।
- पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मामले को सुलझाया।
- आरोपी पहले भी विभिन्न अपराधों में शामिल रहे हैं।
- पुलिस इस नेटवर्क के खिलाफ सक्रिय कदम उठा रही है।
नई दिल्ली, 3 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। दिल्ली में पीपी सिधिपुरा और पीएस डीबीजी रोड पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में नशीले पदार्थों की सप्लाई से संबंधित दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों के पास से कुल 28.46 ग्राम स्मैक बरामद की गई है।
घटना 31 मार्च 2026 को तब हुई जब कांस्टेबल विशाल और कांस्टेबल शीशराम गश्त कर रहे थे। उन्हें लोको रेलवे कॉलोनी के पास एक व्यक्ति संदिग्ध गतिविधि करते हुए दिखा। जब उन्होंने पुलिस को देखा, तो वहाँ मौजूद लोग भाग गए और संदिग्ध को पकड़ लिया गया। उसकी पहचान आशीष उर्फ चंगू के रूप में हुई। एनडीपीएस एक्ट की धारा 50 के अंतर्गत कानूनी कार्रवाई के बाद उसके कब्जे से 12.34 ग्राम स्मैक बरामद की गई। मौके पर मौजूद एफएसएल टीम ने नारकोटिक्स डिटेक्शन किट से जांच की, जिसमें पदार्थ पॉजिटिव पाया गया। इसके आधार पर, पीएस डीबीजी रोड में एनडीपीएस एक्ट की धारा 21(बी) के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई।
आरोपी आशीष ने पूछताछ के दौरान बताया कि वह स्मैक खरीदकर रेलवे लाइन के पास बेचता है, और यह वह मोहम्मद इमरान नामक स्थानीय सप्लायर से खरीदता था। इस जानकारी के आधार पर एक विशेष टीम का गठन किया गया, जिसमें एएसआई लक्ष्मी नारायण, एएसआई मोहन लाल, कांस्टेबल विशाल, कांस्टेबल शीशराम और कांस्टेबल रविंदर शामिल थे। यह टीम एसआई सुमित सिंह के मार्गदर्शन में और इंस्पेक्टर रणधीर सिंह के पर्यवेक्षण में काम कर रही थी।
1 अप्रैल को पुलिस ने मोहम्मद इमरान को उसके घर से गिरफ्तार किया। दोनों आरोपियों के पास से न केवल स्मैक बरामद हुई, बल्कि एक तौलने की मशीन और नगद भी मिली, जो सक्रिय पेडलिंग का संकेत देती है। आशीष से 12.34 ग्राम स्मैक और 200 रुपए मिले, जबकि मोहम्मद इमरान के कब्जे से 16.12 ग्राम स्मैक, एक विग्रो ब्रांड की तौल मशीन और 832 रुपए बरामद हुए।
पुलिस ने बताया कि आशीष पहले भी विभिन्न अपराधों में संलिप्त रहा है। उसकी पिछली एफआईआर चोरी, लूट और हिंसा से संबंधित है। पीपी सिधिपुरा स्टाफ की समय पर और समन्वित कार्रवाई के कारण न केवल पेडलर और सप्लायर की गिरफ्तारी हुई, बल्कि क्षेत्र में नशीले पदार्थों की तस्करी पर अंकुश लगाने में भी मदद मिलेगी। आगे भी इस नेटवर्क का पता लगाने और ऐसे अपराधों की रोकथाम के लिए सक्रिय कदम उठाए जा रहे हैं।