खिचड़ीपुर फ्लाईओवर हादसा: 24 वर्षीय निखिल की मौत, पुलिस-एम्बुलेंस पर 30-40 मिनट देरी का आरोप
सारांश
मुख्य बातें
पूर्वी दिल्ली के गाजीपुर इलाके में खिचड़ीपुर फ्लाईओवर पर 26 अगस्त 2026 को एक भीषण सड़क हादसे में 24 वर्षीय निखिल की मौके पर ही मौत हो गई। स्थानीय निवासियों ने आरोप लगाया कि पुलिस और एम्बुलेंस घटनास्थल पर 30 से 40 मिनट की देरी से पहुँचे, जिससे इलाके में तीव्र आक्रोश फैल गया।
घटनाक्रम
बताया जा रहा है कि निखिल गाजियाबाद से अपने घर जनकपुरी लौट रहा था, तभी फ्लाईओवर पर वह हादसे का शिकार हो गया। हादसे की सूचना मिलते ही मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। निखिल के चाचा सतीश ने बताया कि उन्हें फोन पर भतीजे के दुर्घटनाग्रस्त होने की जानकारी मिली। उनके अनुसार, निखिल अपने बड़े भाई के घर से लौट रहा था। सतीश ने कहा, 'अभी हादसे के सही कारण का हमें पता नहीं चला है, जांच के बाद ही कुछ चीजें स्पष्ट हो पाएंगी।'
पुलिस और एम्बुलेंस पर देरी के आरोप
स्थानीय लोगों का कहना है कि हादसे के करीब 30 से 40 मिनट बाद पुलिस और एम्बुलेंस घटनास्थल पर पहुँची। इस देरी को लेकर मौके पर मौजूद लोगों में भारी नाराजगी देखी गई। आपातकालीन सेवाओं की धीमी प्रतिक्रिया दिल्ली में बार-बार उठने वाला सवाल बन चुकी है, और यह घटना उसी चिंता को एक बार फिर रेखांकित करती है।
पुलिस की कार्रवाई और जांच
मौके पर पहुँचने के बाद पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए लाल बहादुर शास्त्री अस्पताल भेज दिया। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और हादसे के सटीक कारणों का पता लगाने के लिए जांच जारी है। अधिकारियों के अनुसार, यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि हादसा किस वाहन या किन परिस्थितियों में हुआ। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि पूरे घटनाक्रम की जानकारी जुटाई जा सके।
दिल्ली में सड़क हादसों का बढ़ता सिलसिला
यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब दिल्ली में सड़क दुर्घटनाओं की संख्या चिंताजनक बनी हुई है। इससे पहले ग्रेटर कैलाश-1 में कैलाश कॉलोनी मेट्रो स्टेशन के पास एक एसयूवी ने पैदल जा रहे एक दंपति को टक्कर मार दी थी, जिसमें 71 वर्षीया शशि की मौत हो गई और उनके पति घायल हो गए। उस मामले में एसयूवी चालक तपन अहीर को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया था। खिचड़ीपुर फ्लाईओवर हादसे में अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है।
आगे क्या
पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर हादसे में संलिप्त वाहन की पहचान करने की कोशिश कर रही है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि हादसा किसी अन्य वाहन की टक्कर से हुआ या किसी अन्य कारण से। परिवार न्याय की उम्मीद में है।