देवरिया भलुअनी हत्याकांड: दो आरोपी गिरफ्तार, मुठभेड़ में चाइना अंसारी के पैर में लगी गोली
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले के भलुअनी थाना क्षेत्र में दर्ज हत्या के मामले में पुलिस ने 13 सितंबर 2026 को दो आरोपियों — चाइना अंसारी और अम्बुज विश्वकर्मा — को गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के दौरान एक नाटकीय घटनाक्रम में चाइना अंसारी ने पुलिसकर्मी का रिवाल्वर छीनकर फायरिंग की, जिसके जवाब में पुलिस ने की गई जबाबी फायरिंग में उसके दाहिने पैर में गोली लगी। फिलहाल उसकी स्थिति सामान्य बताई जा रही है।
मुख्य घटनाक्रम
पुलिस अधीक्षक अभिजित आर. शंकर ने बताया कि आरोपी चाइना अंसारी के बयान के आधार पर हत्या में प्रयुक्त कथित आलाकत्ल (हथियार) सोनाड़ी रोड से बरामद किया गया। आरोपी ने स्वयं उस स्थान की निशानदेही की जहाँ हथियार छिपाया गया था।
मामले में दूसरे गिरफ्तार आरोपी अम्बुज विश्वकर्मा को भी पुलिस ने हिरासत में लेकर आवश्यक विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस अधीक्षक के अनुसार दोनों गिरफ्तारियाँ भलुअनी थाने में दर्ज हत्या के मुकदमे से सीधे संबंधित हैं।
मुठभेड़ कैसे हुई
एसपी शंकर के अनुसार, रविवार की भोर में जब पुलिस टीम आलाकत्ल बरामद करके वापस लौट रही थी, अचानक एक नीलगाय गाड़ी के सामने आ गई। इससे गाड़ी फिसलकर सड़क से नीचे चली गई और पहिया फँस गया।
जब पुलिसकर्मी गाड़ी का पहिया निकालने के लिए धक्का दे रहे थे, उसी मौके का फायदा उठाकर चाइना अंसारी ने एक उप-निरीक्षक का रिवाल्वर छीन लिया और फायरिंग करते हुए भागने की कोशिश की। पुलिस बल ने आत्मरक्षा में जबाबी फायरिंग की, जिसमें अंसारी के दाहिने पैर में गोली लगी।
घायल अंसारी को तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहाँ उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है। छीना गया रिवाल्वर पुलिस ने सकुशल बरामद कर लिया।
मऊ में भी मुठभेड़, एक गिरफ्तार
इसी बीच, मऊ पुलिस ने एक महिला से गहने लूटने के मामले में आरोपी मयंक यादव को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया। उसके दो साथी — राजा राजभर और लाला उर्फ योगेंद्र राजभर — अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए।
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपी मयंक यादव के पास से लूटा गया गहना, एक अवैध तमंचा, कारतूस और घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल बरामद की। फरार दोनों आरोपियों की तलाश जारी है।
आगे की कार्रवाई
देवरिया पुलिस ने बताया कि दोनों गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है। हत्याकांड की जाँच जारी है और पुलिस मामले में अन्य संभावित संलिप्त व्यक्तियों की भूमिका की भी पड़ताल कर रही है। यह घटना उत्तर प्रदेश में पुलिस मुठभेड़ों की उस श्रृंखला में जुड़ती है जहाँ हिरासत में आरोपियों द्वारा भागने की कोशिश की गई है।