एकनाथ शिंदे ने पीएम मोदी को पत्र लिखकर ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ पर किया आभार व्यक्त
सारांश
Key Takeaways
- ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ का महत्व
- महिलाओं के आरक्षण की दिशा में उठाए गए कदम
- सरकार की योजनाओं का विवरण
- शिवसेना और एनडीए का समर्थन
- एक सशक्त भारत का विजन
मुंबई, 14 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ के संबंध में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर उनका आभार व्यक्त किया है और इस पहल को ऐतिहासिक बताया है।
पत्र में उन्होंने उल्लेख किया कि 16 अप्रैल 2026 को संसद के विशेष सत्र में ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ में प्रस्तावित संशोधनों को पेश करने का जो दूरदर्शी निर्णय लिया गया है, वह विधायिकाओं और लोकसभा में महिलाओं के आरक्षण के प्रभावी क्रियान्वयन का मार्ग प्रशस्त करेगा और भारतीय लोकतंत्र के इतिहास में एक स्वर्णिम अध्याय जोड़ेगा।
शिंदे ने कहा कि यह कदम केवल एक विधायी सुधार नहीं है, बल्कि शासन और राष्ट्र निर्माण में महिलाओं की निर्णायक भागीदारी सुनिश्चित करने की दिशा में एक बड़ा और क्रांतिकारी परिवर्तन है। इसे न्याय, समानता और महिला सशक्तीकरण के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता का प्रतीक बताते हुए उन्होंने कहा कि इससे देश के समावेशी लोकतंत्र की नींव और मजबूत होगी।
उन्होंने अपने पत्र में केंद्र सरकार द्वारा महिलाओं के उत्थान के लिए उठाए गए कदमों का भी उल्लेख किया, जिनमें ‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’, ‘जन धन योजना’, ‘उज्ज्वला योजना’, ‘मिशन शक्ति’ और ‘पोषण अभियान’ जैसी योजनाएं शामिल हैं।
इसके साथ ही, उन्होंने अनुच्छेद 370 के हटाने और अयोध्या में राम मंदिर निर्माण जैसे फैसलों का उल्लेख करते हुए कहा कि इनसे राष्ट्रीय एकीकरण और भारत की वैश्विक प्रतिष्ठा को मजबूती मिली है।
शिंदे ने प्रधानमंत्री मोदी को महाराष्ट्र की जनता की ओर से ‘देश के लाड़ले भाई’ कहकर संबोधित किया और राज्य की लगभग 6 करोड़ माताओं, बहनों और बेटियों की ओर से शुभकामनाएं दीं।
उन्होंने बताया कि महाराष्ट्र सरकार महिलाओं के सशक्तीकरण के लिए कई योजनाएं चला रही है, जिनमें ‘मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहिण योजना’ के तहत आर्थिक सहायता, राज्य परिवहन बसों में 50 प्रतिशत किराया छूट, बालिकाओं के लिए निःशुल्क उच्च शिक्षा, ‘लेक लाडकी योजना’ के तहत वित्तीय सहायता, ‘लखपति दीदी’ और ‘अन्नपूर्णा योजना’ के तहत हर साल तीन मुफ्त गैस सिलेंडर जैसी पहलें शामिल हैं।
अपने पत्र के अंत में शिंदे ने कहा कि ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ प्रस्तावित संशोधन इसी विकास यात्रा की एक महत्वपूर्ण कड़ी है और शिवसेना तथा एनडीए के घटक दल के रूप में वे इस सुधार का पूर्ण समर्थन करते हैं। उन्होंने भारत को एक सशक्त, समावेशी और विकसित राष्ट्र बनाने के विजन के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।